बाबरी (शामली)। सहारनपुर के रामपुर मनिहारान क्षेत्र में खेड़ी बैरागी निवासी 27 वर्षीय शिव कुमार की गोली मारकर हत्या किए जाने के मामले में परिजनों का आरोप है कि प्रेम विवाह के बाद से ही लड़की पक्ष की ओर से लगातार जान से मारने की धमकियां दी जा रही थीं, लेकिन पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। उनका कहना है कि समय रहते कार्रवाई होती तो शिव कुमार की जान बच सकती थी।
मृतक के चचेरे भाई मोनू ने बताया कि शिव कुमार ने 24 फरवरी को पड़ोस की आकांक्षा के साथ प्रेम विवाह किया था। विवाह के बाद दोनों गांव छोड़कर शामली के दिल्ली रोड स्थित एक किराए के मकान में रहने लगे थे। परिवार के अनुसार विवाह के बाद से शिव कुमार गांव नहीं आया था और अपनी पत्नी के साथ अलग रह रहा था।
आरोप है कि आकांक्षा की मां और भाई लगातार शिव कुमार को धमकी दे रहे थे। इस संबंध में पुलिस से शिकायत भी की गई थी, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। उनका कहना है कि पुलिस की लापरवाही के कारण ही यह घटना हुई है। परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए फांसी की सजा दिए जान की मांग की है।
शिव कुमार की बहन ने कहा कि मेरा भाई चला गया। आरोपियों को ऐसी सजा मिलनी चाहिए, जिससे भविष्य में कोई इस तरह की घटना करने का साहस न कर सके। उधर, बाबरी थाना प्रभारी राहुल कुमार ने बताया कि इस संबंध में उनके थाने पर पहले कोई शिकायत नहीं दी गई थी।
गांव में परचून की दुकान चलाते हैं पिता
मृतक के पिता सलेख चंद गांव में परचून की दुकान चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। परिजनों ने बताया कि शिव कुमार भी पहले पिता के काम में हाथ बंटाता था, लेकिन प्रेम विवाह के बाद वह पत्नी के साथ शामली में रहने लगा था। वहीं, आकांक्षा बीए अंतिम वर्ष तक शिक्षित बताई गई है।
प्रेम विवाह के बाद गांव छोड़ गए थे लड़की पक्ष के लोग
ग्रामीणों और परिजनों के अनुसार प्रेम विवाह के बाद आकांक्षा के परिजन भी गांव छोड़कर कहीं और चले गए थे। इसके बाद उनका गांव में आना-जाना लगभग बंद हो गया था। घटना के बाद गांव में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है और लोग मामले में निष्पक्ष जांच तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
खेड़ी बैरागी गांव में गमगीन बैठे परिजन। संवाद
खेड़ी बैरागी गांव में गमगीन बैठे परिजन। संवाद
खेड़ी बैरागी गांव में गमगीन बैठे परिजन। संवाद