केस-1 : अपने पैसों से खरीदी कार, पहली पत्नी के नाम कर दी
शहर के बुढ़ाना रोड निवासी महिला ने 20 जुलाई को एआरटीओ कार्यालय में शिकायत दी। महिला का आरोप है कि उसके पति ने पहली पत्नी से यह बात छिपाकर उससे शादी की थी। उसने अपने पैसों से दो कार खरीदी थीं। पति ने दोनों वाहन उसके नाम करने का वादा किया था, लेकिन बाद में दोनों कार पहली पत्नी के नाम करा दीं। महिला ने वाहन अपने नाम कराने की मांग की है।
केस-3 : तीन बेटों की मां ने मांगा मकान और वाहनों में हिस्सा
बाबरी क्षेत्र की महिला ने 22 जुलाई को वन स्टॉप सेंटर में शिकायत दर्ज कराई। उसका आरोप है कि पति ने दूसरी शादी कर ली और मकान व वाहन दूसरी पत्नी के नाम कर दिए। महिला ने बताया कि उसके तीन बेटे हैं और उसने संपत्ति में अपना अधिकार दिलाने की मांग की है।
वन स्टॉप सेंटर के अधिकारियों अनुसार ये केवल तीन उदाहरण हैं। पिछले दो माह में इस तरह के 12 मामले सामने आए हैं। इनमें तीन मामलों में दूसरी पत्नी ने पहली पत्नी के नाम की गई संपत्ति पर अपना दावा जताया है। 12 मामलों में छह वन स्टॉप सेंटर जबकि छह एआरटीओ कार्यालय पहुंचे हैं।
गजाला त्यागी, प्रभारी, वन स्टॉप सेंटर, शामली
- फोटो : अमर उजाला
वाहन नामांतरण में विभाग नहीं कर सकता हस्तक्षेप
एआरटीओ प्रवेश कुमार ने बताया कि वाहन नामांतरण को लेकर महिलाएं शिकायत लेकर पहुंच रही हैं, लेकिन विभाग ऐसे पारिवारिक विवादों में हस्तक्षेप नहीं कर सकता। वाहन का नामांतरण नियमानुसार और संबंधित पक्षों की सहमति के आधार पर होता है। ऐसे मामलों के समाधान के लिए दोनों पक्षों को आपसी सहमति या न्यायालय का सहारा लेना पड़ता है।
जिले में दो-दो शादियों से जुड़े मामलों के साथ संपत्ति विवाद भी बढ़ रहे हैं। पहली और दूसरी पत्नी दोनों अपने अधिकार का दावा कर रही हैं। ऐसे मामलों में पहले आपसी समझौते का प्रयास किया जाता है, इसके बाद कानूनी विकल्प बताए जाते हैं। - गजाला त्यागी, प्रभारी, वन स्टॉप सेंटर, शामली