शामली के झिंझाना में यमुना में हो रहे अवैध रेत खनन पर डीएम ने संज्ञान लिया है। बुधवार को एसडीएम ऊन और सीओ झिंझाना ने खनन प्वाइंटों का निरीक्षण कर रिपोर्ट तैयार की।
इस दौरान रेत के स्टॉक की भी पैमाइश की गई। देर शाम स्टॉक को सीज कर दिया गया। झिंझाना क्षेत्र के गांव शीतलगढ़ी में रेत के स्टाक को बेचने की अनुमति मिली हुई है।
इसके बावजूद रेत ठेकेदार स्टॉक को छोड़कर रात में खनन करते हैं। जिसकी शिकायत डीएम को मिली थी। डीएम ने एसडीएम ऊन एमपी सिंह से रिपोर्ट तलब की।
जिसके बाद बुधवार को एसडीएम, सीओ कुलदीप कुकरेती और तहसीलदार मदनलाल राठौर जांच करने गांव शीतलगढ़ी पहुंचे। जहां टीम ने स्टॉक का निरीक्षण किया।
एसडीएम ने बताया कि 50 हजार घन मीटर रेत स्टाक की अनुमति रेत ठेकेदारों को मिली हुई है, लेकिन मौके पर दो स्थानों पर रेत के भंडार मिले हैं। जिसकी पैमाइश कराई जा रही है। एसडीएम ने बताया कि अब तक की पैमाइश में 19 हजार 148 घन मीटर रेत स्टाक की नाप तोल हुई है। विजय शर्मा और रणजीत सिंह रेत स्टॉक के ठेकेदार हैं।