शामली। ममौर झील के पास प्रदूषण फैलाने वाली कपड़े की एक औद्योगिक इकाई पर सील लगाने के प्रदूषण नियंत्रण विभाग के अधिकारी को दिए। पराली जलाने वालों पर सख्ती से कार्रवाई की जाए।
बृहस्पतिवार को कलक्ट्रेट के सभागार में जिला पर्यावरणीय समिति की बैठक डीएम की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में मामौर झील के पास चल रही कपड़े की फैक्टरी से निकलने वाले दूषित पानी के बारे में जानकारी दी गई। गंभीरता से लेते हुए डीएम ने ममौर झील के पास चल रही कपड़े की फैक्ट्री पर कार्रवाई करते हुए तत्काल सील लगाने के निर्देश प्रदूषण नियंत्रण विभाग के अधिकारी को दिए। उन्होंने सभी अधिशासी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि कूड़ा कहीं दिखाई ना दें। प्रतिदिन जो कूड़ा उठाने वाले वाहन लगे हैं उनमें कूड़ा डालने के उपरांत उन्हें कवर कर लिया जाए। जल प्रदूषण और वायु प्रदूषण न हो इसके कड़े इंतजाम हो इसलिए जितने भी स्वच्छ जल के स्रोत है वह किसी भी प्रकार से प्रदूषित ना हो। प्रतिष्ठान, ढाबे, आदि पर जो लकड़ी जलाते है, उन पर भी बंदीकरण की कार्रवाई हर हाल में की जाए। सड़कों, डिवाइडर के आसपास धूल इकट्ठा ना होने दें। पानी का छिड़काव करते रहे।
बैठक में सीडीओ शंभूनाथ तिवारी, सीएमओ संजय भटनागर, प्रभागीय वन अधिकारी संजीव कुमार, उपजिलाधिकारी सदर संदीप कुमार, परियोजना निदेशक ज्ञानेश्वर तिवारी, प्रदूषण नियंत्रण विभाग से दीपा अरोरा, डॉक्टर उमर सैफ गंगा समन्वयक नमामि गंगे सहित संबंधित विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।