शामली। संत प्रवर विजय कौशल जी महाराज ने कहा कि प्रभु श्री राम की पावन कथा मन, कर्म और वाणी सभी पापों को दूर करती है। जो मनुष्य छल कपट त्याग करके कथा सुनते हैं, उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण हो जाती है। राम कथा मनुष्य के मन के सभी विकारों काम, क्रोध, लोभ, वासना, पाप, व्यसन आदि को दूर करती है।
शनिवार को कैराना रोड स्थित जेजे फार्म हाउस में नौ दिवसीय श्री रामकथा का शुभारंभ करते हुए संत प्रवर विजय कौशल जी महाराज ने कहा कि राम कथा मन के मैल को धोने का साबुन है, जो हमारी वाणी, मन तथा अंत:करण को पवित्र करती है। रामकथा के मुख्य सूत्रधार पवन पुत्र हनुमान जी हैं। जहां-जहां भी रामकथा होती है हनुमान जी वहां उपस्थित हो जाते है। राम कथा सुनने का सौभाग्य उसी को प्राप्त होता है, जिस पर भगवान की विशेष कृपा होती है। बिना भगवत कथा के भगवान का दर्शन साधारण मनुष्य को संभव नहीं है। महाराज श्री ने कहा कि भगवान की कथा मनुष्य के मन में भगवान के दर्शन और उन्हें प्राप्त करने की लालसा पैदा करती है। कथा ही भगवान से मिलने का रास्ता भी बताती है।
उन्होंने कहा कि एक बार भगवान शिव सहज शांत स्वभाव में कैलाश पर्वत पर विराजमान थे। इसी समय जगतमाता पार्वती ने कहा कि हे नाथ मैं आपके श्री मुख से सकल लोक हितकारी प्रभु श्री राम की कथा सुनना चाहती हूं। पार्वती जी ने भोलेनाथ से कहा कि हे स्वामी आज मेरे मन में आए संशय को दूर करने की कृपा करे कि अनंत कोटी ब्रह्मांड के नायक परम ब्रह्म को राम के रूप में क्यों जन्म लेना पड़ा। भोलेनाथ ने प्रभु श्री राम की पावन कथा सुनाते हुए कहा कि निर्गुण और सगुण में कोई भेद नहीं है, भक्त जिस रूप में भगवान के दर्शन करना चाहता है, भगवान वैसा ही रूप धारण कर लेते है। इससे पूर्व श्री राम कथा के मुख्य संयोजक पूर्व चेयरमैन एवं पूर्व विधायक राजेश्वर बंसल ने संत प्रवर विजय कौशल जी महाराज का शामली में आगमन पर स्वागत किया।
आयोजन में शामली की चेयरमैन अंजना बंसल, आज की कथा के मुख्य यजमान अखिल बंसल व सारिका बंसल, राजीव मलिक प्रदीप पुंडीर, दीपक संगल, रोबिन गर्ग, रजनीश गोयल, मुकेश गोयल, चरत बंसल, सपन मित्तल आदि का विशेष योगदान रहा। कथा में विधायक तेजेंद्र निर्वाल, सेवानिवृत्त आईजी पुलिस विजय गर्ग, एसपी अजय कुमार, श्रीनिवास गोयल, सुरेंद्र मित्तल एडवोकेट कैराना, सलेकचन्द संगल आदि भी मौजूद रहे।