शामली में केंद्रीय जल संसाधन राज्यमंत्री एवं सांसद संजीव बालियान ने कहा कि जाट आरक्षण के मामले में जल्द ही अच्छी खबर मिलेगी। वह बोले कि मैं जाट आरक्षण के मुद्दे पर पूरे दम से लड़ाई लड़ूंगा। यह भी कहा कि मंडल कमीशन के दौरान ही जाटों को आरक्षण मिल जाना चाहिए था।
रविवार को शामली के हनुमान टीला स्थित अग्रसेन बारातघर में आर्य जाट महासभा की ओर से आयोजित जाट आरक्षण सम्मेलन में बतौर मुख्य अतिथि सांसद संजीव बालियान ने कहा कि पूर्व में भी जाट आरक्षण के लिए नेताओं ने कार्य किया, लेकिन उनमें कुछ कमी रह गईं। उन्होंने कहा कि पूर्व की केंद्र सरकार ने जाटों को आरक्षण दिलाने में सही दिशा में कार्य नहीं किया, जिस कारण हम कोर्ट में केस हार गए।
नए सिरे से आरक्षण को लेकर लड़ाई लड़ी जा रही है। दोबारा से आरक्षण दिलाने के लिए सर्वे कराना जरूरी है। इसके बाद कमीशन गठित होगा और कमीशन की रिपोर्ट पर सरकार की सहमति होगी। इससे पूर्व आल इंडिया जाट महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुभाष चौधरी ने कहा कि जाट आरक्षण के लिए दिल्ली स्तर पर लड़ाई लड़ी जा रही है। हरियाणा में जो कुछ हुआ, वह एक सांसद की वजह से हुआ।
उन्होंने कहा कि आरक्षण राजनीतिक कारणों से मिलता है, जिसके लिए जाट महासभा का प्रयास रहेगा कि वेस्ट यूपी के सभी जिलों में इस तरह के सम्मेलन करके जाटों को एकजुट किया जाए। मेजर जनरल एसएस अहलावत (रिटायर्ड) ने कहा कि आज जाटों की हालत बद से बदतर होती जा रही है।
सम्मेलन में कुंवर प्रताप सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष पति प्रसन्न चौधरी, राज्य खाद्य निगम के सदस्य कुलदीप तोमर, अशोक बालियान, प्रियंवदा तोमर, मोहित बेनीवाल, डाक्टर शालिनी, महाराज सिंह लांक, रालोद नेता कुंवरपाल मालेंडी और भाकियू नेता कुलदीप पंवार ने भी विचार व्यक्त किए। संचालन यशपाल पंवार ने किया।
मुख्य अतिथि और अन्य अतिथियों का बुके देकर और माला पहनाकर स्वागत किया गया। आर्य जाट महासभा के शामली अध्यक्ष डाक्टर प्रताप चौधरी, राजेश मलिक, कुंवरपाल सिंह, सतेंद्र खैवाल, प्रदीप चेयरमैन, देशराज भनेडा, ब्लाक प्रमुख पति जयदेव मलिक, विवेक काजला आदि रहे।