शामली। जनपदवासियों के लिए एक खुशखबरी है। पानीपत-खटीमा हाइवे को फोरलेन बनाने की कवायद शुरू हो गई है। इस संबंध में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने इस हाईवे को संभावित फोरलेन की श्रेणी में डालते हुए इस संबंध में डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट मांगी है। यूपी सरकार से भी इस संबंध में एनओसी मांगी गई है। लोकनिर्माण विभाग की मुजफ्फरनगर इकाई ने इस पर काम शुरू कर दिया है।
वर्तमान में 205 किमी लंबा दिल्ली -यमुनौत्री और 85 किमी लंबा मेरठ -करनाल फोर लेन जनपद से गुजरते हैं। इनमें मेरठ-करनाल हाईवे पर फोर लेन का कार्य तेजी से चल रहा है, हालांकि छह साल से दिल्ली -यमुनौत्री फोर लेन का कार्य अधर में है इसकी खस्ता हालत देख प्रशासन ने उपसा के माध्यम से इस मार्ग की मरम्मत कराई, लेकिन सबसे ज्यादा खुशी की बात है कि अब पानीपत-खटीमा हाईवे को भी फोन लेन बनाने की कवायद शुरू हो गई है।
राष्ट्रीय राज्य राजमार्ग प्राधिकरण ने इस संबंध में स्थानीय अधिकारियों से डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार करने को कहा है। मुजफ्फरनगर लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता देवेश शर्मा ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि पानीपत- खटीमा मार्ग को फोरलेन बनाने के लिए उत्तर प्रदेश राजमार्ग प्राधिकरण के मुजफ्फरनगर खंड द्वारा इस संबंध में कई बिंदुओं पर रिपोर्ट तैयार कराई जा रही है।
उन्होंने यह भी बताया कि फिलहाल पानीपत खटीमा फोरलेन के लिए केवल मुजफ्फरनगर जिले से लेकर शामली शहर तक 38 किमी शामिल किया गया है। शामली से लेकर कैराना यमुना नदी के पुल तक की रिपोर्ट भी भेजी जाएगी।