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परीक्षकों की कमी, निर्धारित समय में मूल्यांकन पूरा करना बना चुनौती

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शामली। यूपी बोर्ड की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन निर्धारित समय चार मई तक पूरा करना चुनौती बना हुआ है। इसका कारण परीक्षकों की कमी है। छह दिन में हाईस्कूल व इंटर की 55752 उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन हो सका है, जबकि 66656 उत्तर पुस्तिकाएं बची है। 30 अप्रैल को जवाहर नवोदय विद्यालय की परीक्षा के कारण मूल्यांकन प्रभावित होगा। उस दिन दोपहर दो बजे से मूल्यांकन करने के निर्देश दिए गए हैं।
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यूपी बोर्ड की हाईस्कूल व इंटर की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य 23 अप्रैल को शुरू हुआ था। बोर्ड ने चार मई तक मूल्यांकन कार्य पूरा करने के निर्देेश दे रखे हैं, लेकिन परीक्षकों की लगातार कमी के चलते मूल्यांकन धीमी गति से चल रहा है। परीक्षकों के प्रयोगात्मक परीक्षाओं में व्यस्त होने के कारण मूल्यांकन कार्य प्रभावित हो रहा है। बोर्ड ने 27 अप्रैल तक इंटर की प्रयोगात्मक परीक्षाएं पूरी करने के निर्देश दिए थे। अभी तक परीक्षक अपने कालेज में प्रयोगात्मक परीक्षाएं करा रहे थे। जिस दिन प्रयोगात्मक परीक्षा होती थी, उसी दिन मूल्यांकन कार्य नहीं कर रहे थे, लेकिन अब परीक्षकों दूसरे जिलों में प्रयोगात्मक परीक्षा लेने के लिए जा रहे हैं, जिस कारण मूल्यांकन कार्य और ज्यादा प्रभावित होने के होने की संभावना जताई जा रही है।
आरके इंटर कालेज शामली मूल्यांकन केंद्र के उप नियंत्रक कैप्टन लोकेंद्र सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार को हाई स्कूल के निर्धारित परीक्षक 360 में से 89 परीक्षक अनुपस्थित रहे। इसी तरह इंटर के 206 में से 91 परीक्षक अनुपस्थित रहे। हाईस्कूल में हिंदी, अंग्रेजी, गणित, इतिहास, सामाजिक विज्ञान, विज्ञान और कला की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन किया गया। इंटर की भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, हिंदी, अंग्रेजी, इतिहास, अर्थशास्त्र, नागरिक शास्त्र व गृह विज्ञान आदि विषयों की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन हुआ। अब तक हाई स्कूल की कुल प्राप्त 75710 उत्तर पुस्तिकाओं में से 37948 और इंटर की कुल प्राप्त 46698 उत्तर पुस्तिकाओं में से 17804 उत्तर पुस्तिकाओं का ही मूल्यांकन हुआ है। इस तरह से अब तक कुल 122408 उत्तर पुस्तिकाओं में से 55752 उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन हो पाया है। जबकि 66656 उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन होना बाकी है।
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इसी तरह परीक्षकों की कमी चलती रही, तो समय पर मूल्यांकन पूरा होना मुश्किल होगा। डीआईओएस सरदार सिंह ने मूल्यांकन केंद्र का निरीक्षण किया और परीक्षकों को दिशा निर्देश दिए। उप नियंत्रक लोकेंद्र सिंह ने बताया कि चार मई तक मूल्यांकन पूरा करने के निर्देश है। पांच दिन बचे हैं, जिनमें एक दिन 30 अप्रैल को जवाहर नवोदय विद्यालय की प्रवेश परीक्षा होने के कारण मूल्यांकन दोपहर दो बजे से शुरू करने के निर्देश मिले हैं। उस दिन कितने परीक्षक आते हैं, उस पर मूल्यांकन कार्य निर्भर रहेगा।
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