शामली। जिला पोषण समिति की बैठक में डीएम जसजीत कौर ने कहा कि अति कुपोषित बच्चों को नजदीक के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में ले जाकर चिकित्सक बच्चों का स्वास्थ्य जांच कराएं। बच्चों को एलबेंडाजोल की गोली आयरन फोलिक एसिड का सीरप पीडियाट्रिक मल्टीविटामिन की गोली उपलब्ध कराई जाएं।
कलक्ट्रेट सभागार में डीएम जसजीत कौर की अध्यक्षता में जिला पोषण समिति की बैठक हुई। डीएम ने सभी बीडीओ को आंगनबाड़ी केंद्रों की जल्द से जल्द मरम्मत, सुधरीकरण, वॉल पेंटिंग और फर्नीचर की सुविधा कराने हेतु निर्देश दिए। अधिशासी अभियंता विद्युत को नए भवनों में विद्युत कनेक्शन दिए जाने के निर्देश दिए। जिला कार्यक्रम अधिकारी संतोष श्रीवास्तव ने बताया कि जिले में अति कुपोषित श्रेणी के चिन्हित 1326 बच्चों के सापेक्ष 891 बच्चों में तथा कुपोषित श्रेणी के चिंहित 3934 के सापेक्ष 2691 बच्चों में सुधार पाया गया। उन्होंने कहा कि बच्चों की संख्या और उनके बैकग्राउंड रिपोर्ट तैयार की गई है। जिसमें आर्थिक स्थिति सही न होने के कारण 94, बीमारी के कारण 144, समय से पूर्व पैदा होने के कारण 43, पहले बच्चे के बाद दूसरे बच्चे के जल्द जन्म होने के मामलों में 134, गर्भावस्था के समय गर्भवती महिला के खान-पान व सही ढंग से देखरेख न होने के कारण 101 तथा जुड़वां बच्चे पैदा होने के कारण 2 बच्चे सहित कुल 435 बच्चे अतिकुपोषित पाए गए।
संभव कार्यक्रम के अंतर्गत 5260 कुपोषित बच्चों में से 9 बच्चों को संदर्भित किया गया। 5260 बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। शासन के निर्देश के अनुसार जनपद के 5260 कुपोषित बच्चों के परिवारों को शौचालय, राशन कार्ड व मनरेगा जॉब कार्ड की सुविधा प्रदान कर दी गई है। बैठक मे सीडीओ शंभूनाथ तिवारी, डीडीओ प्रमोद कुमार, डीएफओ डॉ. विनय कुमार सिंह, राष्ट्रीय आजीविका मिशन योजना के उपायुक्त शैलेन व्यास आदि मौजूद रहे।