शामली। प्रधानमंत्री सुरक्षा मातृत्व अभियान एवं जननी सुरक्षा योजना के तहत गर्भवती महिलाओं को निशुल्क अल्ट्रासाउंड की सुविधा दी जाएगी। इसकी शुरूआत सोमवार को हाई रिस्क प्रेगनेंसी डे (एचआरपी) पर की जाएगी। सरकारी अस्पतालों में अल्ट्रासाउंड की सुविधा न होने पर स्वास्थ्य विभाग ने शामली और थानाभवन के एक-एक प्राइवेट अल्ट्रासाउंड सेंटर से अनुबंधन किया है।
शासन ने गर्भवती माताओं की सुरक्षा और देेखभाल के लिए प्रत्येक माह की नौ तारीख को एचआरपी डे पर निशुल्क जांच और उपचार की सुविधा देने की व्यवस्था की है। इस दिन विशेष तौर पर गर्भवती महिलाओं के हीमोग्लोबीन की जांच की जा रही है। अगर किसी महिला का हीमोग्लोबीन कम होता है तो उसे खून चढ़ाया जाता है। जनपद के सरकारी अस्पतालों में अल्ट्रासाउंड की सुविधा न होने के कारण गरीब परिवारों को प्राइवेट अस्पतालों में महंगे दाम पर अल्ट्रासाउंड कराना पड़ता था। अब शासन ने प्रधानमंत्री सुरक्षा मातृत्व अभियान एवं जननी सुरक्षा योजना के तहत सभी गर्भवती महिलाओं को निशुल्क अल्ट्रासाउंड की सुविधा देने का निर्णय लिया है।
शासन के निर्देश है कि जिन जनपदों में सरकारी अस्पताल में अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं है, वहां निजी अस्पताल या अल्ट्रासाउंड सेंटर से अनुबंध कर गर्भवती महिलाओं को यह सुविधा दी जाए। नोडल अधिकारी एसीएमओ डा. सुशील कुमार ने बताया कि नौ दिसंबर को सरकारी अस्पतालों में हाई रिक्स प्रेगनेंसी डे पर लगाए जाने वाले कैंप गर्भवती महिलाओं की जांच के साथ निशुल्क अल्ट्रासाउंड की सुविधा देने का शुभारंभ किया जाएगा। सरकारी अस्पताल में अल्ट्रासाउंड की सुविधा न होने पर स्वास्थ्य विभाग ने फिलहाल शामली में ग्लोबल शांति केयर अस्पताल और थानाभवन में बालाजी अल्ट्रासाउंड केंद्र से अनुबंध किया है। इन दोनों केंद्रों पर गर्भवती महिलाओं को निशुल्क अल्ट्रासाउंड की सुविधा दी जाएगी। बाद में अन्य निजी अल्ट्रासाउंड केंद्रों की संख्या बढ़ाई जाएगी।