कांधला (शामली)। गांव मलकपुर में उल्टी-दस्त और बुखार से चार बच्चों की मौत हो गई। घटना के बाद से गांव में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग से गांव में चिकित्सा कैंप लगवाए जाने की मांग की है।
गांव मलकपुर में बुखार और उल्टी-दस्त का प्रकोप है। गांव के अनवर की बेटी सना (2), खुर्शीद का बेटा उमर (5), ब्रजपाल की बेटी सुरेशो (7) और जितेंद्र की बेटी कविता (5) को कई दिन से उल्टी-दस्त और बुखार से पीड़ित थी। इनमें से दो का उपचार कांधला में प्राइवेट डाक्टर के यहां चल रहा था। जबकि दो का उपचार गांव के ही चिकित्सक यहां उपचार कराया जा रहा था। सोमवार दोपहर से लेकर शाम तक चारों बच्चों ने दम तोड़ दिया। बच्चों की मौत के बाद गांव में दहशत का महौल है।
ग्रामीणों का कहना है कि गांव में बीमारी फैली हुई। दर्जनों बच्चे उल्टी-दस्त और बुखार से जूझ रहे हैं। जिनका उपचार प्राइवेट चिकित्सकों के यहां कराया जा रहा है। उन्होंने गांव में स्वास्थ्य विभाग की ओर से चिकित्सा कैंप लगवाए जाने की मांग की है।
उधर, सीएमओ विनीता अग्निहोत्री का कहना है कि उल्टी दस्त, बुखार या अन्य किसी भी बीमारी के होने पर निकट के सरकारी अस्पताल में संपर्क कर मरीज को दिखाएं। यदि वहां पर मरीज को उपचार नहीं मिलता है, उसके बारे में तत्काल सीएमओ कार्यालय पर संपर्क करें। उन्होंने कहा कि मलकपुर गांव में चिकित्सकों की टीम भेजकर मामले की जांच कराई जाएगी। जो बच्चे बीमार हैं, उनका उपचार कराया जाएगा।