फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बच्चों के लिए मां-बाप से बड़ा कोई हितैषी नहीं

विज्ञापन
शामली जैन कॉलेज ऑफ एजुकेशन बनत में आयोजित कार्यक्रम में शपथ लेतीं छात्राएं। - फोटो : SHAMLI
विज्ञापन
शामली। अमर उजाला के अभियान अपराजिता एवं मिशन शक्ति के तहत संयुक्त रूप से आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं को आत्मरक्षा और स्वावलंबन की सीख दी गई। मुख्य अतिथि एएसपी राजेश कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि छात्राएं स्वयं को कमजोर न समझें। वे शक्ति का रूप हैं। जरूरत अपनी क्षमताओं को पहचानने की है। माता-पिता से कुछ न छिपाएं। बच्चों के लिए उनसे बड़ा कोई हितैषी नहीं होता।
विज्ञापन

शुक्रवार को जैन कॉलेज ऑफ एजुकेशन में कार्यक्रम का शुभारंभ एएसपी ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। उन्होंने बताया कि मिशन शक्ति नारी सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के लिए हैं। इससे पूर्व प्रशिक्षक डा. ऋतु जैन ने कहा कि छात्राएं पहले अपनी क्षमता को पहचानें। झिझक को छोड़ें और अपनी बात खुलकर कहें। जब कुछ गलत नहीं किया तो डरना किस बात का है। उन्होंने वूमेन पावर हेल्पलाइन 1090, महिला हेल्पलाइन 181, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, पुलिस हेल्पलाइन-112, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 के बारे में बताते हुए कहा कि किसी भी तरह की परेशानी हो तो तुरंत इन नंबरों पर संपर्क करें।
महिला थाना प्रभारी नीरज चौधरी ने कहा कि रास्ते चलते मोबाइल का इस्तेमाल न करें। इससे आप आसपास ध्यान नहीं रख पाती। रास्ते में जाते समय आसपास की परिस्थिति पर पैनी निगाह रखें। कॉलेज सचिव दीपक जैन, समाजसेवी वीना अग्रवाल, कॉलेज प्राचार्या अनुपमा शर्मा ने अमर उजाला के अपराजिता अभियान की सराहना की। कहा कि वर्तमान में नारी शक्ति से इस मुहिम को और आगे ले जाया जा रहा है। संचालन आशा ने किया। इस मौके पर लवि जैन, पूनम, ब्रिजेश एवं गांधी आदि का सहयोग रहा।
विज्ञापन

-----------
हेल्पलाइन नंबरों का बोर्ड लगाएं
एएसपी राजेश श्रीवास्तव ने कहा कि सभी शिक्षण संस्थाओं में हेल्पलाइन नंबरों को नोटिस बोर्ड के आसपास चस्पा किया जाए। घरों में भी इन नंबरों को लिखकर लगाया जाए।
---------
बीटीसी छात्रा सोनी शर्मा ने नारी को शक्ति का स्वरूप बताया। झांसी की रानी लक्ष्मीबाई का उदाहरण देते हुए कहा कि उन्होंने अपनी झांसी को बचाने के लिए अंग्रेजों से लोहा लिया। वर्तमान में महिलाओं को बुराइयों से लड़ना है।
--------
बीटीसी चतुर्थ वर्ष की छात्रा नंदिनी ने कहा कि लड़कियों और महिलाओं को अपनी शक्ति को पहचानना होगा। शांत भाव से एकाग्रता को बढ़ाएं। शक्ति को संचित करें और सकारात्मक भाव रखें।
---------
छात्रा छवि ने कहा कि घरों में छोटे बच्चों को भी हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देने की जरूरत है। उन्हें भी सामाजिक बुराइयों को लेकर सचेत करें और उनसे बात करते रहें।
---------
बीटीसी छात्रा प्राची ने कहा कि कार्यक्रम में शामिल होकर स्वयं के बारे में सोचने का अवसर मिला है। अपने परिवार व आसपास की छात्राओं को भी जागरूक करेंगी।
---------
छात्रा स्नेहा चौधरी ने कहा कि लड़कियों को सबसे पहले अपने भीतर की झिझक को खत्म करना होगा। अपनी बात को मजबूती से रखने के लिए हमेशा तत्पर रहें। जब तक आप अपनी बात नहीं कहेंगी, तब तक कोई सुनेगा नहीं।
विज्ञापन

-------
बीटीसी छात्रा वर्षा ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि लड़कियों को खुद को कमजोर नहीं समझना चाहिए। हर परिस्थिति से मुकाबले के लिए सदैव तत्पर रहें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें