शामली। जिला अस्पताल में पहले से ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की भारी कमी बनी हुई है। इसी बीच पांच चिकित्सकों ने दूसरे जनपदों में तबादले के लिए आवेदन कर दिया है। यदि इनके आवेदन स्वीकृत हो जाते हैं तो जिला अस्पताल में चिकित्सकों का और बड़ा संकट खड़ा हो जाएगा। इससे अस्पताल प्रशासन में भी खलबली मची हुई है।
जिला अस्पताल में निश्चेतक, स्त्री रोग विशेषज्ञ, नेत्र सर्जन, फिजिशियन, मनोचिकित्सक, रेडियोलॉजिस्ट और जैसे कई अहम पद रिक्त हैं। विशेषज्ञों की कमी के कारण गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को मेरठ समेत अन्य बड़े मेडिकल कॉलेजों में रेफर किया जा रहा है। हाल के दिनों में शासन की ओर से चार नए चिकित्सकों की नियुक्ति की गई है। इनमें हड्डी रोग विशेषज्ञ, सर्जन और पैथोलॉजिस्ट शामिल हैं। इससे कुछ राहत की उम्मीद जगी थी, लेकिन अब पांच चिकित्सकों के तबादले के आवेदन ने नई चिंता खड़ी कर दी है।
इन चिकित्सकों ने मांगा तबादला
सीएमएस डॉ. किशोर कुमार आहूजा ने बताया कि ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. नेहा शर्मा, त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. कर्मवीर सिंह, पैथोलॉजिस्ट डॉ. अनुपम, हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राघव और बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. अशोक कुमार ने बीमारी और पारिवारिक कारणों से अन्य जनपदों में तैनाती के लिए आवेदन किया है। इसके लिए स्वास्थ्य महानिदेशक को पत्र भेजा गया है। उन्होंने बताया कि तबादले का निर्णय लखनऊ स्तर से होता है। स्थानीय स्तर पर इसमें हस्तक्षेप संभव नहीं है।
छह से अधिक बार भेजे जा चुके पत्र
सीएमएस ने बताया कि नेत्र रोग, महिला रोग समेत अन्य विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति के लिए स्वास्थ्य महानिदेशक और संबंधित अधिकारियों को छह से अधिक बार पत्र भेजे जा चुके हैं। उम्मीद है कि जल्द ही रिक्त पदों पर नियुक्तियां होंगी।
खुद संभाल रहे रेडियोलॉजिस्ट की जिम्मेदारी
सीएमएस डॉ. किशोर कुमार आहूजा सीएमएस के साथ-साथ रेडियोलॉजिस्ट का कार्य भी संभाल रहे हैं। अस्पताल प्रशासन लगातार रेडियोलॉजिस्ट की मांग कर रहा है।
दो चिकित्सक पहले ही दे चुके हैं इस्तीफा
मनोचिकित्सक डॉ. उर्वशी ने करीब एक वर्ष पहले इस्तीफा दिया था, जबकि नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. शबीब अहमद ने 16 जनवरी 2025 को त्यागपत्र दिया था। इसके बाद से अस्पताल में नेत्र ऑपरेशन बंद हैं, जिससे मरीजों को परेशानी उठानी पड़ रही है।