बाद में मौके पर आए एसडीएम सदर संदीप कुमार और सीओ सिटी जितेंद्र कुमार से ग्रामीणों ने स्पीड ब्रेकर बनवाने, मृतक आश्रितों को किसान दुर्घटना बीमा योजना का लाभ दिलाने, घायल श्रमिक के उपचार और मुआवजा की मांग की।
एसडीएम ने उच्चाधिकारियों को अवगत कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने करीब नौ बजे जाम खोल दिया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेज दिया है। किसान के पुत्र रविंद्र की तरफ से ट्रक चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई। पुलिस ने ट्रक को कब्जे में लेकर चालक को पकड़ लिया है।
हाईवे पर लगी वाहनों की लाइनें
गांव टिटौली में ग्रामीणों द्वारा करीब ढाई घंटे तक जाम लगा रहने से मेरठ-करनाल हाईवे पर दोनों तरफ हल्के और भारी वाहनों की लंबी लाइन लगी रही। ग्रामीणों ने हाईवे पर एक तरफ शव रखकर जाम किया था तो दूसरी तरफ ट्रक को तिरछा खड़ा कराकर हाईवे को अवरुद्ध कर दिया था। किसी वाहन को नहीं निकलने दिया।
ग्राम प्रधान प्रतिनिधि राजीव शास्त्री ने बताया कि ग्रामीणों ने शांतिपूर्ण तरीके से स्पीड ब्रेकर बनाए जाने की मांग रखी और किसी तरह का हंगामा या दुर्व्यवहार नहीं किया। उन्होंने बताया कि दो दिन पहले हाईवे पर कार की टक्कर लगने से उनकी घोड़ी की भी मौत हुई थी। गांव में स्पीड ब्रेकर न होने से वाहन तेज रफ्तार से दौड़ते रहते है।
शामली क्षेत्र के गांव टिटौली में वृद्ध की मौत के बाद जाम लगाते लोग।- फोटो : SHAMLI