शामली/बाबरी। पुंडीर खाप की चौधराहट को लेकर विवाद शुरू हो गया है। एक पक्ष के लोगों ने मुजफ्फरनगर के गांव पीपलहेड़ा में पंचायत कर ठाकुर ब्रजपाल सिंह को चौधरी चुन लिया। वहीं, कैड़ी गांव में हुई ठाकुर-राजपूत समाज की पंचायत में लोगों ने कहा कि वह ब्रजपाल सिंह को चौधरी नहीं मानेंगे। जल्दी ही खाप की पंचायत बुलाकर स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
12 गांव के ठाकुर-राजपूत (हिंदू-मुस्लिम) समाज के लोगों की पुंडीर खाप है। बताया जाता है कि रविवार को पीपलहेड़ा गांव में पंचायत कर ठाकुर ब्रजपाल सिंह को चौधरी मानते हुए पगड़ी पहना दी गई। पंचायत में शामली के बाबरी क्षेत्र के ठाकुर और राजपूत भी गए थे। उन्होंने पंचायत में ही इसका विरोध किया और उठकर चले आए। इसके बाद गांव कैड़ी में ठाकुर महेशपाल के आवास पर पंचायत हुई।
उसकी अध्यक्षता ठाकुर सलेक चंद तथा संचालन मदन सिंह महावतपुर ने किया। ठाकुर सलेक चंद ने कहा कि 30 साल से पुंडीर खाप की चौधराहट
कैड़ी गांव में है। पूर्व में पुंडीर खाप के चौधरी सबसे पहले ठाकुर गजे सिंह चौधरी बने, जिनके बाद अमरनाथ सिंह चौधरी बने और वर्तमान में ठाकुर मुकेश ही चौधरी हैं।
उन्होंने कहा कि अचानक से पीपलहेड़ा के व्यक्ति को चौधरी चुनने का निर्णय गलत है, हम इसका विरोध करते हैं। संचालन कर रहे मदन सिंह ने कहा कि खाप का चौधरी चुनने के लिए जल्दी ही क्षेत्र के ठाकुर और राजपूतों की पंचायत बुलाई जाएगी, जिसमें तय किया जाएगा कि चौधरी पीपलहेड़ा का रहेगा, या पूर्व की भांति कैड़ी गांव से ही चौधरी चुना जाएगा। इस दौरान मुकेश कुमार, राजेश, सादाब प्रधान, यासीन, मोनी, ठाकुर प्रताप सिंह, परमवीर सिंह, नरेश उर्फ नरसी, बीर सिंह, संजय राणा आदि मौजूद रहे।