शामली। विधानसभा चुनाव के साथ-साथ विधान परिषद चुनाव की घोषणा होने के बाद राजनीतिक दल परिषद के प्रत्याशी तय कर पाना कठिन हो रहा है। गठबंधन रालोद और सपा मुखिया विधानसभा चुनाव प्रचार में व्यस्त होने से निर्णय नहीं ले पा रहे है। भाजपा विधान परिषद चुनाव 2022 के लिए त्यागी या ब्राह्मण में किसी एक को प्रत्याशी बनाने की चर्चा है।
तीन मार्च को होने विधान परिषद चुनाव 2022 की प्रक्रिया चल रही है। प्रथम चरण में विधान परिषद की 29 सीटों पर चार फरवरी से नामांकन पत्र दाखिल किए जा रहे हैं। नामांकन पत्र दाखिल करने की 11 फरवरी अंतिम तिथि है। दस फरवरी को होने वाले विधानसभा चुनाव 2022 को प्रथम चरण का मतदान के लिए भाजपा, बसपा, रालोद और सपा गठबंधन विधानसभा चुनाव को फतेह करने के लिए चुनाव प्रचार में जुटे हैं। प्रत्याशियों के चयन करने के लिए समय नहीं है। 11 फरवरी से पूर्व अगले पांच दिनों में राजनीतिक दलों को विधान परिषद के चुनाव के लिए प्रत्याशियों को चयन करना होगा। उम्मीद की जा रही है कि गठबंधन से मुस्लिम प्रत्याशी आने की संभावना है।
सपा के वरिष्ठ नेता और योजना आयोग के पूर्व सदस्य प्रोफेसर सुधीर पंवार का कहना है कि पूर्व मुख्यमंत्री व सपा मुखिया अखिलेश यादव विधानसभा चुनाव 2022 के चुनाव प्रचार में व्यस्त होने के कारण विधान परिषद चुनाव प्रत्याशी पर चयन पर ध्यान नहीं दे रहे है। खादी ग्रामोद्योग के पूर्व चेयरमैन व रालोद के वरिष्ठ नेता डॉ जसवीर सिंह का कहना है कि मथुरा व आगरा जिलों से विधान परिषद चुनाव के लिए टिकट मांगने के लिए दावेदार आना शुरू हो गए है, सहारनपुर और मेरठ निर्वाचन के लिए एमएलसी चुनाव के लिए रालोद मुखिया जयंत सिंह चौधरी से अभी चर्चा नहीं हुई है।
भाजपा के एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि विधान परिषद चुनाव के लिए भाजपा त्यागी-ब्राह्मण में से किसी एक को प्रत्याशी बनाकर चुनाव मे उतार सकती है। मुजफ्फरनगर के अरविंद राज शर्मा और बुढ़ाना नगर पंचायत के चेयरमैन जितेंद्र त्यागी सहारनपुर मुजफ्फरनगर और शामली सीट से प्रत्याशी की दौड़ में है। विधान परिषद स्थानीय प्राधिकारी निर्वाचन क्षेत्र सहारनपुर में पिछले 12 सालों से बसपा काबिज है। विधान परिषद स्थानीय प्राधिकारी चुनाव के लिए सहारनपुर मंडल की सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, और शामली जिले सभी ब्लाक प्रमुख, जिला पंचायत सदस्य, नगर पालिका परिषद और नगर पंचायत सदस्य, बीडीसी, सांसद- विधायक, विधानपरिषद सदस्य पद के लिए अपने मतों का प्रयोग करते हैं।