शामली। शामली महायोजना 2031 के ड्राफ्ट में खामियों को लेकर विरोध अभी थम नहीं रहा है। शुक्रवार को शामली के नागरिकों की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष व डीएम मुजफ्फरनगर चंद्रभूषण सिंह को और शामली कलक्ट्रेट में डीएम को ज्ञापन सौंपा और प्रस्तावित महायोजना 2031 के ड्राफ्ट में खामियों को सुधारने की मांग उठाई।
मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण की ओर से शामली महायोजना 2031 का ड्राफ्ट का प्रकाशन करते हुए आगामी 6 मार्च तक आपत्ति व सुझाव मांगे गए हैं। महायोजना की बुकलेट पिछले सप्ताह जिला मुख्यालय पहुंचने पर इसमें भारी खामियां उजागर हुई। जिसके बाद इसका विरोध शुरू हो गया। भारतीय किसान मजदूर संयुक्त यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजवीर सिंह मुंडेट के नेतृत्व में जिले के लोगों ने शुक्रवार को मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष व मुजफ्फरनगर डीएम चंद्र भूषण सिंह, कलक्ट्रेट में डीएम शामली को प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान बताया कि महायोजना में शामली क्षेत्र की जनता की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए तैयार नहीं किया गया है। विधि अनुरुप सर्वे भी नहीं किया गया है। ड्राफ्ट में भूमि के नंबर भी नही दर्शाए गए है। शहर में आए दिन लगने वाले जाम को देखते हुए उचित नए रास्तों-सड़को को नहीं दर्शाया गया है। महायोजना में शामली नगर पालिका परिषद और विकास प्राधिकरण की वास्तविक सीमा नहीं दर्शाई गई है। कुड़ाना रोड पर आबादी के पास नवीन औद्योगिक क्षेत्र, करनाल रोड पर आवासीय बस्ती के पास बस अड्डे दर्शाए है। इसके अलावा भी कई खामियां है। ज्ञापन में शामली महायोजना 2031 को जन हित में निरस्त करने की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में विनोद निर्वाल, विवेक वर्मा, दीपक कुमार, नरेशपाल आदि मौजूद रहे।