कांधला। कस्बा एलम में तहसीलदार ने राजस्व विभाग की टीम के साथ मिलकर कस्बे के तालाब की भूमि की पैमाइश की। टीम ने तालाब की भूमि पर कब्जा करने वालों को जल्द भूमि खाली करने की चेतावनी दी।
कस्बा एलम में 18 बीघा का तालाब पानी की निकासी के लिए स्थित है। आरोप है कि तालाब की छह बीघा भूमि पर लगभग 38 लोगों ने कब्जे कर अपने-अपने मकान बना रखे है। एक माह पूर्व एलम के ही लोगों ने जिलाधिकारी को शिकायत कर तालाब की भूमि को कब्जा मुक्त कराए जाने की मांग की थी। बृहस्पतिवार को डीएम के आदेश पर तहसीलदार शामली सुरेंद्र सिंह ने राजस्व विभाग की टीम के साथ एलम पहुंचे और तालाब की पैमाइश की। तहसीलदार ने तालाब की भूमि पर अवैध कब्जा करने वाले लोगों को शीघ्र ही तालाब की भूमि को कब्जा मुक्त करने की चेतावनी दी। तहसीलदार और राजस्व टीम की सूचना पर नगर पंचायत चेयरमैन डॉक्टर दीपा पंवार मौके पर पहुंचीं। इस दौरान चेयरमैन और तहसीलदार के बीच बहस भी हुई।
उधर, तहसीलदार सुरेंद्र सिंह का कहना है कि तालाब पर अवैध कब्जा करने वाले खिलाफ एसडीएम कोर्ट में मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। वहीं नगर पंचायत चेयरमैन दीपा पंवार का कहना है कि एलम में 15 तालाब थे। जिसमें मात्र दो तालाब शेष हैं। नगर पंचायत एलम के द्वारा कई बार तालाब की घेराबंदी करने के लिए प्रशासन को प्रस्ताव भेजा गया, लेकिन प्रस्ताव पर विचार नहीं किया गया। प्रशासन सत्ता की राजनीति से प्रभावित होकर कार्य कर रहा है।
तालाब की भूमि पर प्रधानमंत्री आवास
कांधला। कस्बा एलम में तालाब की छह बीघा भूमि पर पूर्व विधायक सहित 38 लोगों ने अवैध कब्जे कर रखे हैं। चर्चा है कि तालाब की भूमि पर लगभग 10 लोगों के प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत अपने मकान बना रखे हैं। राजस्व विभाग की कार्रवाई से प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत बने मकानों पर तलवार लटक गई है।