शामली। शहर के मोहल्ला दयानंद नगर में एक प्राइवेट बैंक और अन्य फाइनेंस कंपनियों ने महिलाओं के नाम पर एक बार आवेदन करने पर कई-कई बार लोन निकाल लिया। बैंक के अधिकारी लोन की राशि लेने के लिए मोहल्ले में पहुंचे तो मामला सामने आया। गुस्साई महिलाओं ने हंगामा किया। कोतवाली पुलिस से भी मामले की शिकायत की गई है। आरोप है कि महिला एजेंट करीब 20 लाख रुपये लेकर लापता हो गई।
मोहल्ले की रहने वाली बबली ने बताया कि दो साल पहले उन्होंने 800 रुपये मासिक किश्त वाला लोन लिया था। लोन पूरा होने पर उन्हें फिर से लोन का ऑफर मिला, लेकिन उन्होंने नहीं लिया। अब पता चला कि उनके नाम पर 2800 रुपये मासिक किश्त वाला लोन चल रहा है। एजेंट घर आकर सामान उठाने की धमकी देते हैं और अभद्रता करते हैं। लगभग 13-14 महिलाओं के नाम पर ऐसे फर्जी लोन निकलने की जानकारी सामने आई है।
एक अन्य पीड़िता वर्षा ने बताया कि समूह संचालिका ने अपने नाम से लोन निकाला और लापता है। वहीं एजेंट महिलाओं से किश्त वसूल रहे हैं। 20 से अधिक अन्य महिलाओं से भी इसी तरह धोखाधड़ी की गई है।
वार्ड सभासद अनिल उपाध्याय ने बताया कि फर्जीवाड़ा संचालिका और बैंक/फाइनेंस एजेंटों की मिलीभगत से हुआ है, क्योंकि नियम के अनुसार एक लोन पूरा नहीं होने पर दूसरा लोन नहीं दिया जा सकता। उन्होंने कहा कि शामली कोतवाली में शिकायत दी गई है और पुलिस मामले की जांच कर रही है। फर्जीवाड़े में एजेंटों की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।