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नए सर्किल रेट निर्धारित कर दिया जाए मुआवजा

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बाबरी क्षेत्र के गांव बन्तीखेडा में आयोजित पंचायत में भाग लेते किसान - फोटो : SHAMLI
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नए सर्किल रेट निर्धारित कर दिया जाए मुआवजा
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बाबरी। दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे के निर्माण में जा रही भूमि के मुआवजे को लेकर किसानों ने एकजुट होकर आवाज उठाई। ग्राम बनतीखेड़ा में हुई पंचायत में सर्किल रेट रिवाइज कर मुआवजा निर्धारण की मांग की गई। इसके साथ ही अंडरपास बनवाने की मांग जोरदार तरीके से उठाई गई।
क्षेत्र के गांव बनतीखेड़ा के प्राथमिक विद्यालय में दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे के निर्माण को लेकर शामली जिले के 22 गांवों के किसानों की पंचायत का आयोजन किया गया। एक्सप्रेस-वे में जिले के 22 गांवों की भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है। इसमें खामियों को लेकर किसानों ने विचार विमर्श किया। किसानों का कहना है कि भूमि अधिग्रहण के लिए सर्किल रेट अपडेट नहीं किया गया है। पुराने सर्किल रेट पर ही मुआवजा किसानों को दिया जा रहा है। वर्ष 2012 से सर्किल रेट नहीं बढ़ाए गए हैं। किसानों ने सर्किल रेट बढ़ाने तथा उसके आधार पर ही किसानों को मुआवजा देने की मांग की गई। इसके साथ ही किसानों ने कहा कि जिन किसानों के खेत के बीच से होकर हाईवे गुजरेगा उन्हें ज्यादा परेशानी होगी।। उनके खेत और नलकूप हाईवे के दोनों तरफ हो जाएंगे। इस स्थिति में अंडरपास का निर्माण कराया जाना चाहिए। इस दौरान खेड़ा मस्तान निवासी कमल मलिक ने किसानों को एकजुट होकर मुआवजे की लड़ाई लड़ने का आह्वान किया। एक्सप्रेस-वे में शामली के बनतीखेड़ा, बाबरी, लाडोमजरी, गोगवांन, कैडी, कुतुबगढ़,भैसानी, नागल, हसनपुर, ख़यावड़ी, लाक, भिक्का माजरा, भाज्जु, चुनसा, कंजरहेड़ी, खानपुर, हाथी करौंदा, उमरपुर, मोरमजरा आदि तथा मुजफ्फरनगर जिले के राजपुर छाजपुर, खेड़ा मस्तान, डूंगर, करौंदा महाजन, फुगाना के किसानों के साथ विनोद चेयरमैन, कमल मलिक, आनंद कुमार, शुभम मलिक बिजेंद्र राव, महेशपाल चेयरमैन, रणधावा मलिक, योगेंद्र प्रधान आदि मौजूद रहे। अध्यक्षता रोशन लाल ने की तथा संचालन ग्राम प्रधान बनतीखेड़ा पुनीत चौधरी ने किया।
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पंचायत के बीच उड़ा पंडाल
बाबरी। बनतीखेड़ा में किसानों की पंचायत चल रही थी, तभी तेज हवा के साथ बारिश शुरू हो गई। इससे पंचायत स्थल पर लगा पंडाल उखड़ गया। किसानों ने पंडाल को संभालने की कोशिश की, लेकिन वह रुक नहीं पाया। बाद में किसानों ने विद्यालय के बरामदे में पहुंचकर खुद को भीगने से बचाया।

बाबरी क्षेत्र के गांव बन्तीखेडा मे पंचायत के दौरान बरासत में गिरा पंडाल- फोटो : SHAMLI

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