शामली। पॉवर ग्रिड की तरफ से छत्तीसगढ़ से कुरुक्षेत्र तक हाईटेंशन लाइन बिछाई गई, जिसके टॉवर खेतों में लगाए गए, मगर किसानों को मुआवजा नहीं दिया गया। भारतीय किसान मजदूर संयुक्त मोर्चा, बसपा के पूर्व विधायक और अन्य लोगों ने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर मुआवजा दिलाने की मांग की।
सोमवार को कलक्ट्रेट पहुंचे किसानों ने बताया कि छत्तीसगढ़ से कुरुक्षेत्र तक पावर ग्रिड ने विद्युत लाइन बिछाई है, जिसके टॉवर खेतों में लगाए गए। लाइन बिछाने के लिए जगह जगह आए पेड़ भी कटवा दिए गए। पूर्व में किसानों ने कई बार मुआवजे के संबंध में मांग की तथा लाइन बिछाने का विरोध किया, तो पुलिस बल साथ लेकर किसानों को डरा धमकाकर चुप कर दिया गया। किसानों का कहना है कि विद्युत लाइन बिछाने में किसानों को भारी नुकसान हुआ है, जिसके लिए मुआवजा दिलाया जाना चाहिए।
उनकी मांग है कि टॉवर लगाने पर तीन लाख रुपये, लाइन बिछाने में छह हजार रुपये वर्ग मीटर तथा पेड़ों का कटान करने पर निर्धारित मुआवजा दिलाया जाए।
पूर्व विधायक राव अब्दुल वारिस ने कहा कि मुआवजा निर्धारण में हाईकोर्ट ने भी गाइड लाइन जारी की हुई है, उसका पालन कराया जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि वह फाइल देखकर कोई निर्णय करेंगे। इस दौरान मुख्य रूप से मौके पर पूर्व विधायक राव अब्दुल वारिस, राजवीर सिंह मुंडेट, मुबारक अली, जितेंद्र निर्वाल, धर्मपाल शर्मा, पालेराम, गय्यूर, महेंद्र पाल, सलीम, देवेंद्र, हरेंद्र, राजेंद्र, राजकुमार, राजबीर, सतीश, शमशाद और मुकेश आदि मौजूद रहे।