फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नई सोच की क्रांति लाओ, नया हिंदुस्तान बनाना है

Fri, 06 May 2016 12:49 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शामली
विज्ञापन
Politics - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
शामली। सांसद वरुण गांधी ने कहा कि देश के विकास को नई सोच की क्रांति लानी होगी। ग्रामीण अंचल में प्रतिभाएं भरी पड़ी हैं, बस उन्हें निखारने की जरूरत है। युवा वर्ग को क्रिएटिव सोच के साथ देशहित में कार्य करने चाहिए।
विज्ञापन

  बृहस्पतिवार को शामली में कैराना रोड स्थित रुड़की इंजीनियरिंग एंड मैनेजमेंट टेक्नोलॉजी इंस्टीट्यूट में आइडियाज फॉर न्यू इंडिया कार्यक्रम हुआ। शुभारंभ मुख्य अतिथि सांसद वरुण गांधी ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। इस दौरान छात्राओं ने सरस्वती वंदना पेश की। वरुण गांधी ने कहा कि तरक्की के मामले में हमारा देश अमेरिका और जापान से बहुत पीछे है। उसका कारण युवाओं में जागृति की कमी। हमारा यही प्रयास है कि देश में एक नई सोच कैसे पैदा की जाए। उसके लिए जरूरी है कि युवाओं को आगे आना होगा। शहर के साथ ही देहात क्षेत्र में प्रतिभाएं भरी हुई हैं। 
विज्ञापन

  छात्र-छात्राओं से आह्वान किया कि वह रिसर्च करने के साथ ही राजनीति में भी दखल रखें। अपने क्षेत्र के जनप्रतिनिधि से जवाब मांगे कि उन्होंने विकास पर कितना पैसा खर्च किया और कहां किया। यदि जवाब न दे, तो पीआईएल दाखिल करें। हमें देश में नई क्रांति लानी होगी, तभी बदलाव आएगा। क्रांति बंदूक की नहीं, बल्कि सोच की होगी, जो समाज के हर व्यक्ति के हित में होगी। इनसे पूर्व यूपीटीयू लखनऊ के पूर्व वाइस चांसलर आरके खांडेल ने कहा कि युवाओं को अपने देश की संस्कृति और सभ्यता को समझना चाहिए। आज क्रिकेट का जुनून छाया हुआ, जो गलत है। युवाओं को क्रिकेट छोड़कर कबड्डी और कुश्ती पर फोकस करना चाहिए। क्योंकि यूपी और हरियाणा से ही सर्वाधिक पहलवान निकलते हैं।
  इस दौरान संस्थान के चेयरमैन सुभाष जैन, वाइस चेयरमैन जेपी जैन, ज्वाइंट सेक्रेटरी नमन जैन, पंकज जैन, प्रणव जैन और नगरपालिका परिषद शामली के चेयरमैन अरविंद संगल ने वरुण गांधी का स्वागत किया। संचालन अशोक कुमार मिश्रा ने किया।
  प्रधानाचार्यों को किया सम्मानित
कार्यक्रम में सांसद वरुण गांधी ने शामली के सरतीदेवी राजाराम पब्लिक स्कूल, रॉयल पब्लिक स्कूल, सेंट आरसी कांवेंट स्कूल, सेंट आरसी साइंटिफिक स्कूल, सरस्वती विद्या मंदिर सहित कई स्कूलों के प्रधानाचार्यों को शॉल ओढ़ाकर और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें