शामली में वाणिज्य कर विभाग के अधिकारियों के साथ हुई मीटिंग में उद्यमियों ने कहा कि उद्यमी ग्राहक से टैक्स लेता है और सरकार को देता है। उद्यमी का उत्पीड़न नहीं होना चाहिए, बल्कि उसका सम्मान होना चाहिए।
बृहस्पतिवार दोपहर शामली में कैराना रोड स्थित एक रेस्टोरेंट पर वाणिज्यकर विभाग के अधिकारियों तथा इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन शामली चैप्टर के पदाधिकारियों और अन्य उद्यमियों की मीटिंग हुई। उसमें सहारनपुर से वाणिज्य कर विभाग के एडिशनल कमिश्नर (ग्रेड 1) कमलेश भट्ट, विनय कुमार अस्थाना (ग्रेड 2), ज्वाइंट कमिश्नर सत्यनारायण, एके जैन और एके दोहरे ने भाग लिया।
आईआईए चैप्टर शामली के चेयरमैन नरेंद्र अग्रवाल ने कहा कि छापे के नाम पर उद्यमियों का उत्पीड़न किया जा रहा है तथा इनकम टैक्स का रिफंड समय से ना मिलने के कारण उद्यमी परेशानी में हैं। आईआईए संरक्षक अशोक बंसल और उपाध्यक्ष वेदप्रकाश आर्य ने ज्ञापन देकर उद्यमियों की समस्याओं से अवगत कराया। वहीं, संरक्षक एवं पूर्व विधायक राजेश्वर बंसल ने कहा कि उद्यमी सरकार का टैक्स कलक्टर है, जो ग्राहक से टैक्स लेता है और सरकार को देता है।
इस दौरान वाणिज्य कर विभाग के अधिकारियों ने अप्रैल 2017 से लागू होने वाले जीएसटी पर वार्ता की और विस्तार से जानकारी दी। कुछ उद्यमियों ने जीएसटी को लेकर प्रश्न भी किए। कार्यक्रम में आए अधिकारियों को आईआईए की ओर से स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन महासचिव अशोक मित्तल ने किया। इस दौरान वेदप्रकाश आर्य, परविंद्र जैन, आलोक जैन, मोहित जैन, आशीष जैन, मोहित जैन, विशाल गुप्ता, अजय गुप्ता, मयंक जैन, अनुज गर्ग, अंकित गोयल आदि मौजूद रहे।