गांव बुटराड़ा में पंचायत में मौजूद ग्रामीण। संवाद
बाबरी। गांव बुटराड़ा में दिल्ली–देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर पर बने टोल प्लाजा पर गांव के नाम का बोर्ड लगाए जाने को लेकर रविवार को ग्रामीणों की पंचायत हुई। पंचायत में ग्रामीणों ने कहा कि अगर टोल प्लाजा पर उनके गांव के नाम का बोर्ड नहीं लगाया जाता तो 11 अप्रैल से टोल प्लाजा पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
महापंचायत में वक्ताओं ने कहा कि टोल प्लाजा के नामकरण में स्थानीय जनभावनाओं की अनदेखी की गई है, जिसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा। ग्रामीणों का कहना है कि टोल का नाम क्षेत्र की पहचान और परंपरा के अनुरूप होना चाहिए। ताकि स्थानीय लोगों की भावनाओं का सम्मान बना रहे। उन्होंने कहा कि हाईवे में गांव के लोगों की जमीन गई है, इसलिए टोल प्लाजा पर उनके गांव बुटराड़ा का नाम लिखा जाना चाहिए। पंचायत में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि यदि प्रशासन ने जल्द ही ग्रामीणों की मांग नहीं मानी तो 11 अप्रैल से 11 बजे से टोल प्लाजा पर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण होगा, लेकिन अपनी मांगों को मनवाने के लिए वे पीछे नहीं हटेंगे।
इस दौरान हाजी महबूब, अनीश, आशीष चावला, बिलायत खान, ग्राम प्रधान अनुज चौधरी, अनुज प्रधान, लोकेंद्र, नरेश, बिल्लू प्रधान, आशीष चौधरी व आजम खान आदि मौजूद रहे।