झिंझाना। चौसाना कस्बे में बिजलीघर के पास स्थित डॉ. तैयब अली के केयर क्लीनिक में रविवार देर रात आग लग गई। अस्पताल में सो रहे डाक्टर ने किसी तरह दूसरे की छत से कूदकर जान बचाई। गनीमत रही कि हादसे के समय क्लीनिक में कोई मरीज भर्ती नहीं था, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।
संचालकों ने आग से लाखों के नुकसान का दावा किया है।सोंटा गांव के रहने वाले क्लीनिक के डाक्टर तैयब अली ने बताया कि जब हादसा हुआ, उस समय नर्सिंग स्टाफ फरहान नर्सिंग होम के अंदर सोया था। एक डॉक्टर राजेश कुमार ऊपर छत पर आराम कर रहे थे। अचानक धुएं की तेज गंध से नींद खुली और स्टाफ ने शोर मचाया, छत पर सोए डॉक्टर ने पड़ोसी की छत से कूदकर जान बचाई।
आग ने कुछ ही मिनटों में क्लिनिक को पूरी तरह अपनी चपेट में ले लिया। लैब, ईसीजी मशीन, पांच बेड, दवाइयां, कीमती फर्नीचर, बिजली फिटिंग्स, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, क्लिनिक का रजिस्ट्रेशन, दस्तावेज आदि सामान जल गया। करीब 12 हजार रुपये और एक डॉक्टर के 25 हजार रुपये जल गए।
करीब रात 1:30 बजे आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया, लेकिन तब तक सब कुछ राख में बदल चुका था। गनीमत यह रही कि किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई क्लिनिक में कोई मरीज नहीं था, लेकिन प्रारंभिक आंकलन के अनुसार 30 लाख रुपये से अधिक का नुकसान बताया जा रहा है। शार्ट सर्किट के कारण भी आग लगने की संभावना जताई जा रही है।लोगों ने बताया कि आग लगते ही मामले की सूचना दमकल विभाग की टीम को दे दी गई थी ,मगर करीब एक घंटे बाद दमकल विभाग की टीम पहुंची।