जिले में विकास कार्यों को लेकर कवायद
शामली। एनसीआर क्षेत्र में शामिल होने के बाद अब शामली जनपद में विकास को लेकर कवायद प्रारंभ हो गई है। जिलाधिकारी ने विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर उपक्षेत्रीय योजनाएं बनाने के निर्देश दिए हैं।
केंद्रीय शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा शामली जिले को अप्रैल 2018 में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में शामिल किया था। अपर आयुक्त एनसीआर ने जनपद की उपक्षेत्रीय योजना बनाने के निर्देश दिए थे, जिस पर शनिवार को जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने कलक्ट्रेट सभागार में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्हें विकास योजनाओं का प्रारूप एक सप्ताह में बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने जनपद के तहसीलवार क्षेत्रफल, मानचित्र जिसमें जिले, तहसील, ब्लाक की सीमा एवं विकास क्षेत्र, विनियमित क्षेत्र की सीमा दर्शाने, जनपद, तहसील, अधिसूचित वन क्षेत्र, सेंचुरी, नियंत्रण, विकास, विनियमित एवं नगरीयकरण क्षेत्र को सर्वे ऑफ इंडिया के टोपोशीट देने के लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए। जनपद की कनेक्टिविटी, ट्रांसपोर्ट से संबंधित प्रस्तावित परियोजनाएं जैसे एक्सप्रेस-वे, बाईपास और रिंग रोड की जानकारी भी उपलब्ध कराने के आदेश दिए हैं। इसके अलावा श्रमिकों का विभिन्न श्रेणियों का विवरण देने, सभी नगरीय क्षेत्र एवं राजस्व गांवों की सूची वर्ष 1981, 1991, 2001, 2011 की जनगणना के मुताबिक नगर एवं ग्रामवार जनसंख्या एवं उनका आर्थिक आधार, सहभागिता दर, गांवों में उपलब्ध मकानों की संख्या का विवरण अर्थ संख्याधिकारी को उपलब्ध कराने के आदेश दिए। बैठक में तहसीलदार सदर अभयराज पांडे, सहायक अभियंता पीडब्लूडी ललित अग्रवाल, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी लक्ष्मी, उपनिदेशक कृषि डाक्टर रामबीर कटारा, जयपाल सिंह और कुर्बान अली आदि मौजूद रहे।