ऋण माफी योजना के तहत किसानों के बैंक खाते आधार से जोड़ने में बैंक अधिकारी लापरवाही बरत रहे हैं। जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने इसकी समीक्षा करते हुए बैंक अधिकारियों को हिदायत दी है कि दो सितंबर तक बैंक खाते आधार से जोड़ने का कार्य पूरा कर लें, अन्यथा संबंधित बैंक अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी।
बृहस्पतिवार शाम जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने कैंप कार्यालय पर बैंक अधिकारियों और ऋण मोचन योजना के नोडल अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने बताया कि ऋण मोचन योजना में 58,311 कृषकों को चिह्नित किया गया है, जिनमें से अभी तक सिर्फ 22,614 कृषकों के बैंक खाते ही आधार से जुड़ पाए हैं। अभी 35,697 कृषकों का आधार फीडिंग का कार्य नहीं हो पाया है। इससे स्पष्ट है कि बैंक शाखा प्रबंधकों द्वारा इसमें गंभीरता नहीं बरती जा रही है।
उन्होंने कहा कि दो सितंबर तक आधार फीडिंग का कार्य पूरा करके शाम पांच बजे तक आधार फीडिंग का कार्य पूर्ण होने का प्रमाण-पत्र बैंक अधिकारी जमा कराएंगे। यदि इसमें कोताही बरती गई, तो संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई जाएगी। उन्होंने बताया कि ऋण मोचन योजना प्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण योजना है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस दौरान विभिन्न बैंकों के अधिकारी मौजूद रहे।