अमर उजाला ब्यूरो
कैराना। लोकसभा-2019 चुनाव के मद्देनजर शुक्रवार को कैराना में पहुंची पीएसी की एक कंपनी ने डेरा डाल लिया है। एसडीएम और सीओ ने आधा दर्जन से अधिक स्कूलों में आने वाले फोर्स के ठहरने की व्यवस्थाओं का जायजा लिया है।
कैराना लोकसभा सीट पर प्रथम चरण में 11 अप्रैल को चुनाव होना है। जैसे-जैसे चुनाव की तिथि नजदीक आती जा रही है, वैसे-वैसे प्रशासन भी अपनी तैयारियों को मजबूूत बनाने में जुटा हुआ है। इस सीट पर शांतिपूर्ण चुनाव कराना कड़ी चुनौती माना जाता रहा है। इसीलिए यहां अधिक फोर्स की तैनाती की जाती है। शुक्रवार को चुनाव के मद्देनजर मेरठ से 44 बटालियन पीएसी की एक कंपनी कैराना पहुंच गई है। कंपनी में करीब 120 जवान बताए जा रहे हैं, जिनकी ठहरने की व्यवस्था बालाजी आईटीआई में की गई है।
उधर, एसडीएम डाक्टर अमित पाल शर्मा और सीओ राजेश कुमार तिवारी ने तहसीलदार रनबीर सिंह के साथ नगर के विजय सिंह पथिक राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, सेंट आरसी कॉन्वेंट स्कूल, बालाजी आईटीआई, भास्कर, प्रधानमंत्री कौशल विकास केंद्र आदि संस्थानों में चुनाव में बाहर से आने वाली फोर्स के ठहरने की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने आसपास में पेयजल, शौचालय, प्रकाश और अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए साफ-सफाई रखने के निर्देश दिए। एसडीएम ने बताया कि कैराना में सात और कांधला में तीन स्थानों पर फोर्स के ठहरने की व्यवस्था की गई है। फोर्स आना शुरू हो गया है। समय-समय पर जवानों के साथ में क्षेत्र में फ्लैग मार्च किया जाएगा, जिससे लोगों में सुरक्षा की भावना जगेगी और मतदाता निडरता के साथ अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे। मतदान शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया जाएगा।
508 शरारती तत्व मुचलका पाबंद
कैराना। कोतवाली पुलिस ने चुनाव को शांतिपूर्ण संपन्न कराने के लिए 508 और शरारती तत्वों की मुचलका पाबंद की निरोधात्मक कार्रवाई हेतु चालानी रिपोर्ट सक्षम न्यायालय में प्रेषित की है। कोतवाली प्रभारी राजेंद्र कुमार नागर ने बताया कि क्षेत्र में लोकसभा चुनाव को शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए 508 शरारती किस्म के लोगों को चिह्नित किया गया है, जिनके विरुद्ध चालानी रिपोर्ट उपजिला मजिस्ट्रेट कैराना के न्यायालय में भेज दी गई है। कोतवाल ने कहा कि क्षेत्र का माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों से पुलिस सख्ती के साथ निपटेगी। किसी भी व्यक्ति को कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं होगी। एक दिन पहले कैराना पुलिस द्वारा 15 लोगों को गुंडा एक्ट और 150 लोगों पर मुचलका पाबंद की कार्रवाई हेतु रिपोर्ट सक्षम न्यायालय में भेजी गई थी।