कस्तूरबा की छात्राओं को दिन में दो बार लगानी होगी हाजिरी
शामली। कस्तूूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों में अब स्टाफ के साथ साथ छात्राओं के लिए बिना सूचना गायब होना आसान नहीं होगा। जिले के सभी कस्तूरबा विद्यालयों में अब इस मनमानी पर अंकुश लगाने के लिए बायोमैट्रिक मशीनें लग गई हैं। विद्यालयों में स्थायी स्टाफ को दिन में तीन बार और छात्राओं व पार्ट टाइम स्टाफ को दिन में दो बार बायोमैट्रिक मशीन से हाजिरी दर्ज करानी होगी।
जनपद में चार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय है। सभी विद्यालयों में निशुल्क आवासीय सुविधा के साथ कक्षा 6 से 8 तक छात्राओं को शिक्षा दी जाती है। सभी विद्यालयों में स्थायी स्टाफ के साथ ही पार्ट टाइम स्टाफ भी तैनात है। अन्य जनपदों में आवासीय विद्यालयों में स्टाफ नदारद रहने और छात्राओं की संख्या को लेकर कई मामले प्रकाश में आए हैं, जिसके चलते ऐसे मामलों पर मनमानी पर अंकुश लगाने के लिए शासन ने सभी कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में बायोमैट्रिक मशीनें और सीसीटीवी लगाने के निर्देश दिए हैं। शासन के निर्देश के बाद जनपद के चारो कॉलेजों में बायोमैट्रिक मशीनें तो लगाई जा चुकी है। वहीं, जिलास्तरीय समिति की ओर से सीसीटीवी लगाने के प्रस्ताव भी मुहर लग चुकी है। सभी विद्यालयों में बायोमैट्रिक मशीनें लग चुकी है, जिसके बाद से सभी स्टाफ और छात्राओं का फीडिंग कार्य करने हाजिरी लगनी भी प्रारंभ हो गई है। अंकुश लगाने के लिए बीएसए ने सभी विद्यालयों में बायोमैट्रिक हाजिरी शासन के निर्देशों के अनुसार ही लगाने के निर्देश दे दिए हैं। बीएसए चंद्रशेखर ने बताया कि सभी स्कूलों में अब बायोमैट्रिक मशीनों से ही उपस्थिति दर्ज की जा रही है। अब सभी स्कूलों में स्थायी स्टाफ की प्रत्येक दिन में तीन बार उपस्थिति दर्ज करनी होगी। इसका समय सुबह आठ बजे, दोपहर तीन बजे और रात में आठ बजे निर्धारित किया गया है। इसके साथ ही पार्ट टाइम शिक्षकों और छात्राओें को दो बार उपस्थिति दर्ज करानी होगी। इसका समय सुबह आठ बजे और शाम आठ रहेगा। सभी को निर्देशों का पालन करना होगा।