शामली में पावर कारपोरेशन ने दो से 31 दिसंबर तक प्रदेश के निजी नलकूप उपभोक्ताओं के लिए ओटीएस योजना शुरू की है। इसमें अक्तूबर तक का 100 फीसदी ब्याज माफ किया जाएगा। 2500 रुपये देकर किसान को अपना पंजीकरण कराना होगा। विभाग को 18 हजार निजी नलकूप स्वामियों से साढ़े चार करोड़ रुपये वसूलने का लक्ष्य दिया गया है।
मुख्यमंत्री ने नलकूपों के बिजली बिल की वसूली के लिए एक मुश्त समाधान योजना दो दिसंबर से लेकर 31 दिसंबर तक लागू की है। जिले में 32 हजार नलकूप हैं, जिनमें से 18 हजार नलकूपों पर साढ़े चार करोड़ रुपये बकाया हैं। ओटीएस स्कीम में नलकूपों के बकायादारों से वसूली की जाएगी।
पावर कारपोरेेशन के अधीक्षण अभियंता अशोक कुमार सिंह ने बताया कि अक्तूबर 2016 तक निजी नलकूपों पर लगने वाले बिल को एक मुश्त जमा करने पर सौ प्रतिशत ब्याज माफ किया जाएगा। स्कीम में नलकूपों के बिजली बिल जमा करने के लिए बकायादारों को पहले 2500 रुपये देकर पंजीकरण कराना होगा।
पंजीकरण कराने के लिए पावर कारपोरेशन के डिवीजन से 32 काउंटरों के अलावा अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, जेई के यहां भी बिल जमा करने के लिए पंजीकरण करा सकते हैं। नलकूपों के बिल के लिए पुराने 500 रुपये के नोट स्वीकार किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि पंजीकरण के रूप में लिए गए 2500 रुपये बिल में ही समायोजित कर लिए जाएंगे। उधर, जिले में ओटीएस स्कीम लागू होते ही पहले दिन कैराना, कांधला में 22 बकायादारों ने पंजीकरण कराया गया है।
उन्होंने बताया कि नोट बंदी के दौरान 500 रुपये का पुराना नोट स्वीकार किए जाने पर बिजली बिल में 13 करोड़ 38 लाख रुपये की वसूली गई है। बिजली बिल में 500 का पुराना नोट 15 दिसंबर तक स्वीकार किया जाएगा।