अमर उजाला ब्यूरो
शामली। जीएसटी पर दस प्रतिशत से उपकर लगाए जाने के विरोध करते हुए व्यापारियों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर पीएम मोदी के नाम ज्ञापन डीएम शामली को सौंपा। व्यापारियों ने जीएसटी पर उपकर को निरस्त किए जाने की मांग की है।
शनिवार को पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष घनश्याम दास गर्ग के नेतृत्व में व्यापारियों ने कलक्ट्रेट पहुंचे। डीएम को ज्ञापन देकर व्यापारियों ने अवगत कराया कि जीएसटी पर दस प्रतिशत उपकर लगाए जाने की केंद्र सरकार द्वारा तैयारी की जा रही है। उन्होंने जीएसटी पर दस प्रतिशत उपकर लगाए जाने का विरोध करते हुए उपकर के प्रस्ताव को निरस्त किए जाने की मांग की है। जीएसटी पर दस प्रतिशत उपकर लगाए जाने से व्यापारियों का उत्पीड़न होगा। देश-प्रदेश के व्यापारी उपकर का विरोध करके नही लगने देंगे। उपकर लगाए जाने के विरोध में प्रदेेशभर का व्यापारी आंदोलन करने के लिए मजबूर हो जाएगा। जीएसटी पर दस प्रतिशत उपकर प्रस्ताव को निरस्त करने की मांग की है। ज्ञापन में वेट टैक्स के समय केवल राज्य स्तर के अधिकारियों को ही चेकिंग करने का अधिकार था, अब जीएसटी लगने के बाद केंद्र व प्रदेश सरकार के दोनों अधिकारी चेकिंग के नाम पर व्यापारियों का उत्पीड़न कर रहे है। विक्रेता को ही माल का मालिक मानकर उससे माल की वैल्यू टैक्स जोड़कर पेनल्टी जमा कराकर माल छोड़ने का आदेश दिया है। माल परिवहन के समय व्यापारियों का उत्पीड़न होरहा है। डीएम इंद्र विक्रम सिंह को ज्ञापन देने वालों में पूर्व विधायक राजेश्वर बंसल, मंडल के प्रदेश अध्यक्ष घनश्याम दास गर्ग, प्रदेश संगठन मंत्री सुभाष धीमान, नगरअध्यक्ष नरेंद्र अग्रवाल, धनराज बंसल, कंवरवीर कांबोज, राजीव गर्ग, प्रदीप विश्वकर्मा आदि मौजूद रहे।