बारिश से शहर जलाशय में तब्दील
शामली। कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी से बुधवार को लोगों को थोड़ी राहत मिल गई। बुधवार को अलसुबह करीब पांच बजे तेज हवा के साथ बारिश हुई। दिन में भी कई बार रुक-रुक कर बरसात होती रही, जिससे मौसम खुशगवार हो गया। वहीं, पहले ही बरसात में नगर पालिका द्वारा नाला सफाई अभियान की पोल भी खुल गई। कई इलाकों में जलभराव के कारण लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी।
बुधवार सुबह करीब पांच बजे तेज हवा के साथ बरसात शुरू हुई, जो करीब आठ बजे तक चलती रही। इसके बाद दोपहर एक बजे भी बरसात हुई और शाम को छह बजे बूंदाबांदी हुई। दिन में तीन बार हुई बरसात के चलते मौसम का मिजाज बदल गया। सूरज दिनभर बादलों के बीच छिपा रहा। ड्रेनेज खंड विभाग के जिलेदार अंबुज कुमार के मुताबिक बुधवार को 23 मिलीमीटर बरसात दर्ज की गई है। बरसात से किसानों के चेहरे खिल गए। क्योंकि खेतों में धान की फसल के लिए यह बरसात सोना साबित होगी। धान की फसल के लिए सिंचाई की आवश्यकता होती है, जो बरसात से पूर्ति हो जाएगी।
उधर, शहर के मोहल्ला पटेलनगर, कबाड़ी बाजार, झिंझाना रोड, नेहरू मार्केट सहित कई स्थानों पर बुधवार को हुई बरसात के कारण जलभराव भी हो गया। विजय चौक के पास नालों का पानी सड़क पर आने के बाद कई दुकानों में घुस गया। व्यापारियों का कहना था कि नगर पालिका परिषद ने नालों की सफाई में गंभीरता नहीं दिखाई, जिस कारण फिर से जलभराव की समस्या का सामना करना पड़ा। पालिका प्रशासन इस बार शहर के मुख्य नाले की गंभीरता से सफाई कराने का दावा कर रहा था, लेकिन बुधवार को हुई बरसात ने सफाई अभियान की पोल खोलकर रख दी है।
किसानों के चेहरे खिले
जलालाबाद। बुधवार सुबह हुई बरसात से लोगों को गर्मी से राहत मिल गई, तो किसानों के चेहरे खिल उठे। किसान नरेंद्र चौधरी, मोनू ठाकुर, जीमल अहमद, अनीस , मांगेराम सैनी, प्रदीप राणा, पप्पू चौधरी आदि का कहना कि अच्छी बारिश से खेती को काफी फायदा हुआ है। बारिश से गन्ने के खेत हरे भरे हो गए हैं। बारिश धान की फसल व ज्वार के लिए लाभदायक होगी।