मृगांका के साथ भाजपा ने ठीक नहीं किया
अमर उजाला ब्यूरो
कैराना। कई संगठनों के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने भाजपा की महिला नेता मृगांका सिंह को लोकसभा का टिकट नहीं मिलने पर विरोध जताया है।
गंगोह विधानसभा क्षेत्र के ईश्वर गोयल ने कहा कि एक तरफ तो मोदी जी महिलाओं के सम्मान के प्रति सजग हैं, वही उनकी पार्टी ने जनता के साथ जमीन से जुड़ी बहन मृगांका सिह का टिकट काट कर नाइंसाफी की है। कुड़ाना निवासी प्रधान संगठन उत्तर प्रदेश के पूर्व अध्यक्ष चौधरी विरेंद्र सिंह मलिक ने कहा कि इस निर्णय से जाट समाज के लोगों को भी निराशा हुई है। पूर्व सांसद चंदन सिंह के सुपौत्र रणदीप मलिक ने कहा कि कहा कि कार्यकर्ता इस फैसले से आहत है। मृगांका सिंह का टिकट काटे जाने से कई सीटों पर प्रभाव पडे़गा। आजाद चौधरी लपराना ने कहा कि ये धरती हुकुम सिंह के नाम से जानी जाती है। बाबू जी की विरासत खत्म करके किसी और को टिकट देने का कोई औचित्य नहीं था। इदरीश चेयरमैन ने कहा कि महिला नेता का टिकट गलत काटा गया है। ब्राह्मण सभा उत्तर प्रदेश के संगठन मंत्री अनिल शर्मा ने कहा कि हुकुम सिंह ने 25 साल पहले कैराना में बीजेपी खड़ी की थी। बाहरी व्यक्ति को टिकट दिए जाने का विरोध करते हैं। बावरिया समाज से जन चेतना कल्याण समिति के अध्यक्ष जीत राम ने कहा कि उनका समाज मृगांका सिंह का टिकट काटे जाने का विरोध करता है
भाजयुमो पदाधिकारियों ने इस्तीफा लिखा
कैराना। भाजयुमो कंडेला मंडल के सभी 14 पदाधिकारियों ने मायापुर फार्म हाउस पहुंचकर भाजपा हाईकमान के निर्णय पर विरोध जताया। मोर्चा मंडल के अध्यक्ष अक्षय चौहान, महामंत्री रवि भारद्वाज, उपाध्यक्ष रूपेश चौहान, मंत्री सुमित आदि ने बताया कि उनके मंडल के पदाधिकारियों ने अपना सामूहिक इस्तीफा लिख दिया है।