बिजली कटौती से हाल बेहाल
शामली। जिले में दस से लेकर 12 घंटे तक बिजली कटौती से हाहाकार मचा हुआ है। उद्योग-धंधे एवं कारोबार प्रभावित हो रहा है। बिजली कटौती से उद्योग और धंधे ठप पड़े हैं। किसान सिंचाई भी नहीं कर पा रहे हैं। बिजली निगम के अधीक्षण अभियंता सुनील कपूर ने बताया कि यूपी मे 3500 मेगावाट का उत्पादन कम होने से भरपूर बिजली आपूर्ति नही मिल पा रही है। इससे कंडेला बिजलीघर, झिंझाना, श्यामला- शामली बिजली घर की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। उनका कहना है कि शहरी क्षेत्रों में 15- 17 व ग्रामीण क्षेत्र में दस से लेकर बारह घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है भाकियू नेता विनोद निर्वाल का कहना है कि तीन माह से ग्रामीण क्षेत्र में बिजली आपूर्ति लड़खड़ा गई है। रंगाना फार्म में तीन घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है। बिजली कटौती की शिकायत भाकियू डीएम व बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता को अवगत करा चुके हैं। फिर भी बिजली आपूर्ति में सुधार नही होरहा है। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के चेयरमैन वेद प्रकाश आर्य का कहना है कि पिछले तीन सालों की अपेक्षा मौजूदा समय बिजली की आपूर्ति बहुत खराब है। उद्योगों से लेकर शहर में बिजली की रोस्टिग हो रही है। प्रदेश सरकार को बिजली खरीदकर उद्यमियों - व्यापारियों के लिए व्यवस्था करे। ------ उद्यमी अंकित गोयल का कहना हैकि उद्योगो को मौजूदा दौर में
आठ से दस घंटे कटौती होने से काम काज प्रभावित होरहा है। दीपावली के मद्देनजर काम का सीजन चल रहा है, बिजली कटौती से उद्योग धंधे प्रभावित हो रहे है।
---------- पश्चिमी उत्तरप्रदेश सयुंक्त उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष घनश्यामदास गर्ग का कहना है कि प्रदेश सरकार में बिजली की स्थिति बहुत खराब है। व्यापारी से लेकर आम नागरिक परेशान है, कारोबार प्रभावित होरहे है। मुख्यमंत्री मंहत योगी आदित्यनाथ ने 24 घंटे मे से 22 घंटे दिए जाने का वायदा किया था किंतु शहर मे 14 घंटे बिजली आपूर्ति होरही है। व्यापारी रविवार को डीएम से मिलकर बिजली आपूर्ति मे सुधार करने की मांग करेंगे।
इंद्रपाल सिंह पांचाल