पुवायां तहसील का एकमात्र बस स्टैंड अधिकारियों की उदासीनता का शिकार है। बिजली कनेक्शन नहीं होने के कारण बस स्टैंड के कमरों में दिन में भी अंधेरा रहता है। रात में यहां नशेड़ी और असामाजिक तत्व अपना अड्डा जमा लेते हैं।
पुवायां बस स्टैंड से लोहिया योजना के तहत विभिन्न मार्गों की छह बसें चलती हैं। इसके अलावा जिला मुख्यालय से पलिया के लिए छह, बंडा के लिए चार, नाहिल ररूआ के लिए एक, मैलानी के लिए एक और पुवायां के लिए दो बसें आती हैं। दिन में तमाम लोग बस स्टैंड पर बसों का इंतजार करते हैं, लेकिन यात्रा सुविधा के नाम पर यहां कुछ भी नहीं है। एक कर्मचारी सुबह आता है और शाम को जिला मुख्यालय लौट जाता है।
यात्रियों के बैठने के लिए टूटी पड़ी बेंच में ईंटे लगाकर काम चलाया जा रहा है। दिन में आवारा कुत्ते और रात में नशेड़ी बस स्टैंड में जमें रहते हैं। नगर पालिका की ओर से स्थापित पानी की टंकी भी बदहाल है। यह हाल तब है जब पुवायां से रोडवेज को लगभग 15 लाख रुपए प्रति माह की आय होती है।
स्थाई कर्मचारी की हो नियुक्ति
पुवायां में शाम होने के बाद लोगों को सड़क पर खड़े होकर बसों का इंतजार करना पड़ता है। स्टैंड पर असामाजिक तत्वों के एकत्र होने के चलते कोई भी अंदर नहीं जाता। स्थाई कर्मचारी की नियुक्ति, बिजली कनेक्शन और अन्य व्यवस्थाओं में सुधार होना चाहिए।
- प्रभात मिश्रा व्यवसाई पुवायां
सुधिवाओं के साथ बढ़ेगी आय
बस स्टैंड पर व्यवस्थाएं सुधारी जाएं, यात्रियों के बैठने की बेहतर व्यवस्था हो तो रोडवेज की आय भी बढ़ेगी। लोग आज भी डग्गामार वाहनों की अपेक्षा रोडवेज से यात्रा को प्राथमिकता देते हैं, लेकिन अव्यवस्थाओं के चलते लोग बस स्टैंड पर नहीं आते हैं।
- धीरज शर्मा व्यवसाई पुवायां
भेजा गया है मांगपत्र
पुवायां के बस स्टैंड की सुविधाओं आदि के लिए मांग पत्र भेजा जा चुका है। जलालाबाद का बस स्टैंड बनना शुरू हो गया है। इसके बाद शाहजहांपुर का स्टैंड बनेगा। इस प्रकार पुवायां का नंबर भी आएगा।
- सुशील त्रिवेदी, स्टेशन इंचार्ज शाहजहांपुर डिपो