फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कैमरे में नजर आया बाघ, वन विभाग ने लगाया कैंप

विज्ञापन
खेतों में बाघ के पग चिह्नों को देखते डीएफओ। संवाद - फोटो : SHAHJAHANPUR
विज्ञापन
मीरानपुर कटरा/शाहजहांपुर। मीरानपुर कटरा के गांव इब्राहिम नगला में पिछले दस दिनों से बाघ के पदचिह्न मिल रहे थे। कई ग्रामीणों ने भी बाघ देखे जाने की पुष्टि की थी। इसके दृष्टिगत वन विभाग कैमरे लगवाकर निगरानी कर रहा था। बुधवार को वन विभाग के कर्मचारियों ने कैमरे देखे तो उसमें एक बाघ चहलकदमी करता दिखाई पड़ा। इसके बाद वन विभाग ने गांव में शिविर लगा दिया। डीएफओ टीम के साथ मौके पर पहुंचे और सभी से सावधान रहने की अपील की। लोगों का कहना है कि इससे पहले कभी इस इलाके में बाघ नहीं देखा गया है। कई साल पूर्व एक गैंडा भटककर आ गया था। आसपास कोई जंगल भी नहीं है। ग्रामीणों में जबरदस्त दहशत है।
विज्ञापन

मंगलवार की रात करीब सवा आठ बजे नगला इब्राहिम गांव की पश्चिम दिशा में नहर किनारे लगाए गए कैमरे में बाघ की तस्वीर कैद हुई है। कैमरे में तस्वीर कैद होने की सूचना पर डीएफओ आदर्श कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने कैमरे की फुटेज को देखा। उन्होंने बताया कि फोटो के मुताबिक बाघ वयस्क है। वन विभाग के कर्मचारियों ने ग्रामीणों को सतर्क किया है कि वे अकेले खेतों की ओर न जाएं। वहीं ग्रामीणों का कहना है कि पिछले कई दिनों से बाघ की दहाड़ इलाके में सुनाई देती रही है। कई ग्रामीणों ने बाघ देखने की पुष्टि कर चुके हैं।
डीएफओ ने कहा-अफवाह न फैलाएं वरना होगी कार्रवाई
प्रभागीय वनाधिकारी वन एवं वन्य जीव प्रभाग आदर्श कुमार ने बताया कि तिलहर रेंज के अंतर्गत ग्राम हथसा एवं नगला बृह्मा के आसपास लगाए गए कैमरे में बाघ के फोटो कैद हुए हैं। बाघ भटककर वन क्षेत्र से यहां आ गया है। जब तक बाघ खुद वापस न चला जाए या फिर उसे रेस्क्यू न कर दिया जाए तब तक वन विभाग का लोग सहयोग करें। ग्रामीण बाघ प्रभावित क्षेत्र में न जाएं। घर पर शौचालय का इस्तेमाल करें। खासतौर पर रात में न निकलें। उन्होंने यह अपील भी कि है कि अफवाहों पर न यकीन करें और न फैलाएं। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसे यहां का बताया जा रहा है। यह वीडियो चार-पांच एशियाई लॉयन का है जो गुजरात में पाए जाते हैं। इसका यहां से कोई संबंध नहीं है। अफवाह फैलाने वाले पर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

चांदपुर में सांड़ को मारने वाले बाघ का नहीं चल सका पता
गांव पहाड़पुर, चंदनपुर और चांदपुर में गाय, सांड़ को मारने वाले बाघ का पता नहीं चल सका है। वन कर्मियों ने खेत में लगाए गए कैमरे की चिप को जांच के लिए रेंज मुख्यालय भेजा है।
गौरतलब है कि गांव पहाड़पुर, चंदनपुर और चांदपुर में बाघ तीन पशुओं को मार चुका है। पहाड़पुर में वन विभाग की ओर से कैमरे लगवाए गए थे, लेकिन बाघ की एक भी तस्वीर कैमरों में कैद नहीं हो सकी थी। तीन दिन पूर्व चांदपुर के पास बाघ ने सांड़ को मार डाला था। वन विभाग की ओर से यहां भी कैमरा लगवाया गया था। बुधवार को वन दरोगा कामता प्रसाद वर्मा ने कैमरे की चिप निगलवाकर जांच के लिए भिजवाई है। चिप में यह देखा जाएगा कि उसमें बाघ की कोई तस्वीर कैद हुई है कि नहीं। वन दरोगा ने बताया कि बाघ की तस्वीर मिली तो उसके आधार पर उसके बारे में काफी जानकारी मिल सकेगी। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें