ओसीएफ इंटर कॉलेज में हो रहा जनसुनवाई का कार्य। स्रोत:जागरूक पाठक
शाहजहांपुर। जनपद में नो मैपिंग में शामिल मतदाताओं को नोटिस जारी कर जनसुनवाई होने की प्रक्रिया करीब 50 प्रतिशत पूरी हो चुकी है। जिन मतदाताओं के वर्ष 2003 की सूची में नाम शामिल नहीं हैं, उनके सामने ज्यादा दिक्कत आ रही है। मतदाताओं को कागजी कार्यवाही पूरी करने के लिए बार-बार चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। मतदाताओं का कहना है कि विकल्पों की वजह से काफी समस्या आ रही है।
निर्वाचन आयोग ने निर्देश जारी किए है कि 27 फरवरी तक बीएलओ सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक बूथ पर बैठेंगे। बीएलओ फॉर्म 6, 7 और आठ के साथ ड्राफ्ट मतदाता सूची, मतदाता सूची से काटे गए नामों की सूची, वर्ष 2003 की मतदाता सूची लेकर बैठेंगे।
2003 की सूची में शामिल न होने वालीं महिलाओं के सामने सबसे अधिक दिक्कत आ रही है। अधिकतर ऐसी महिलाएं है जिनकी वर्ष 2003 के बाद शादी हुई है। उनके नाम यहां की सूची में शामिल नहीं हैं। उनको अपने मायके से सूची निकलवानी पड़ रही है।
इसके साथ 13 विकल्पों में एक की मांग की जा रही है। कई महिलाओं के पास विकल्प नहीं है। कुछ ऐसी महिलाएं भी हैं जिन्होंने अपने परिवार वालों के मर्जी के बगैर शादी कर ली है। अब उनको सूची नहीं मिल पा रही है।
नए वोट बनने में कोई परेशानी नहीं हो रही है। बस मतदाता सूची में माता या पिता का नाम होना चाहिए। छह फरवरी तक नए वोट बनाए जाएंगे। इसके बाद 27 फरवरी तक नोटिसों पर सुनवाई का कार्य किया जाएगा।
नो मैपिंग का कार्य 50 प्रतिशत तक लगभग पूरा हो चुका है। काम तेजी से किया जा रहा है। बीएलओ को निर्देश जारी किए गए है कि वे प्रत्येक दिन सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक बूथ पर बैठेंगे।
- रजनीश कुमार मिश्र, एडीएम प्रशासन