मदनापुर उपकेंद्र पर हंगामा करते किसान। स्रोत: जागरुक पाठक
शाहजहांपुर। मदनापुर उपकेंद्र से नलकूपों को बिजली की आपूर्ति नहीं मिलने से नाराज किसानाें ने मंगलवार को जमकर हंगामा किया। किसानों ने सारे फीडर बंद करा दिए। सूचना पर आए एसडीओ व जेई से नोकझोंक भी हुई। पुलिस ने समझाकर शांत किया। जेई के शेड्यूल बनाने का आश्वासन देने पर किसान शांत हुए।
उपकेंद्र से ग्रामीण इलाके के नलकूपों को दो दिन से बिजली की आपूर्ति नहीं मिल रही है। नलकूप नहीं चलने से धान की फसल के नुकसान को देखते हुए मंगलवार की सुबह छह बजे से किसान उपकेंद्र पर एकत्र होने लगे। करीब आठ बजे किसानों ने सारे फीडर बंद करा दिए। कहा कि जब तक बिजली नहीं मिलेगी, वह आपूर्ति नहीं चलने देंगे।
किसानों ने विद्युत निगम के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सूचना पर जेई भोलानाथ और एसडीओ मौके पर पहुंचे और समझाने का प्रयास किया। दोनों अफसरों से किसानों की खूब नोकझोंक हुई। इस बीच पुलिस भी पहुंची और दोनों पक्षों में वार्ता कराई। तय हुआ कि 12-12 घंटे के रोस्टर के हिसाब से बिजली की आपूर्ति दी जाएगी।
भीषण गर्मी में बिजली को तरस रहे परौर क्षेत्र के ग्रामीण
परौर। क्षेत्र में बिजली आपूर्ति व्यवस्था चरमरा जाने से पंखे-कूलर दिखावटी बन गए हैं। नलकूप नहीं चलने से फसलों की सिंचाई भी बाधित हो रही है। कस्बा समेत क्षेत्र के करीब तीन दर्जन गांवों को कीलापुर फीडर से बिजली मिलती है। इस फीडर की लाइन लंबी होने के कारण उसमें आए दिन तकनीकी खराबी आती रहती है। गत एक सप्ताह से लाइन फाॅल्ट के कारण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को बहुत कम बिजली मिल रही है। आपूर्ति के समय वोल्टेज कम हो जाने से न तो नलकूप चल पाते हैं और न ही घरों मे लगे अन्य उपकरण। किसान डीजल इंजन के सहारे खेतों में पानी की भराई करके धान की पौध रोप रहे हैं। क्षेत्र के सुनील कुमार श्रीवास्तव, आकाश कुमार माथुर, राजीव सिंह, राम अवतार सिंह, अरविंद कुमार सिंह आदि ने बिजली व्यवस्था सुचारु करने की मांग की है। संवाद