शाहजहांपुर। करीब एक माह के कोरोना कर्फ्यू के बाद मंगलवार से सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठान खुलेंगे। ऐसे में बाजारों में भीड़ बढ़ेगी। जहां प्रशासन के लिए भीड़ पर नियंत्रण और कोरोना गाइडलाइन का पालन कराना चुनौती होगा, वहीं लोगों के लिए भी जरूरी होगा कि वे खरीदारी करते समय सावधानी बरतें, क्योंकि अभी कोरोना का खतरा खत्म नहीं हुआ है।
कोरोना कर्फ्यू के कारण एक माह से अधिक समय तक आवश्यक सेवाओं में शामिल दुकानों को छोड़कर अन्य सभी व्यावसायिक बंद रहे। केवल किराना, फल, सब्जी, दूध, कंफैक्शनरी आदि की दुकानें खुल रहीं। इस दौरान ही कई स्थानों पर कोविड गाइडलाइन का उल्लंघन साफ दिखा। ऐसे में जब मंगलवार से सभी दुकानें खुलने जा रहीं हैं जनसामान्य के लिए जरूरी होगा कि वह बाजारों में खरीदारी करते वक्त भीड़ से बचते हुए अपने काम करें। क्योंकि जरा सी असावधानी से संक्रमण बढ़ने पर न सिर्फ अपना बल्कि दूसरों का जीवन खतरे में पड़ेगा, ऐसे में प्रशासन रियायत वापस लेने की भी सोच सकता है।
इन सेवाओं को संचालित करने की होगी अनुमति
0 बाजार सुबह सात बजे से शाम सात बजे तक खोलने की अनुमति सोमवार से शुक्रवार तक सप्ताह में पांच दिन होगी।
0 कोरोना नियंत्रण अभियान से जुड़े फ्रंटलाइन सरकारी विभागों में सभी कर्मचारी आएंगे, शेष सरकारी कार्यालय अधिकतम 50 प्रतिशत उपस्थिति के साथ खुलेंगे।
0 निजी कंपनियों के कार्यालय भी कोविड गाइडलाइन के साथ खुलेंगे।
0 सब्जी मंडियां खुले स्थान पर संचालित होंगी।
0 रोडवेज बसें सीट क्षमता के अनुसार चलेंगी, खड़े होकर यात्रा वर्जित होगी।
0 हाईवे के किनारे ढाबे, ठेले, खोमचे वालों की दुकानें खुलेंगी, लेकिन रेस्टोरेंट केवल होम डिलीवरी कर सकेंगे।
0 ट्रांसपोर्ट, लॉजिस्टिक कंपनियों के कार्यालय और वेयर हाउस खुलेंगे।
0 धर्मस्थल खुलेंगे, लेकिन वहां पांच से अधिक श्रद्धालु इकट्ठा नहीं होंगे।
0 राजस्व व चकबंदी न्यायालय कोविड-19 के प्रोटोकॉल के साथ खुलेंगे।
0 अंडे, मांस एवं मछली की दुकानें वहां पर्याप्त साफ-सफाई के साथ खुलेंगी।
ये सभी सेवाएं फिलहाल रहेंगी बंद
0 सभी शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे, लेकिन ऑनलाइन पढ़ाई की अनुमति विभागीय आदेशों के अनुरूप होगी।
0 कोचिंग संस्थान, सिनेमा, जिम, स्वीमिंग पूल, क्लब एवं शापिंग मॉल्स बंद रहेंगे।
कारोबारियों ने कहा-नियमों का पालन करेंगे और कराएंगे
दुकानें खोलने की अनुमति देना शासन-प्रशासन का उचित कदम है। यह व्यापारियों का नैतिक दायित्व होगा कि वह कोविड नियमावली का स्वयं पालन करने के साथ ग्राहकों को भी इसके लिए प्रेरित करें। -उमेश चंद्र पाठक, इलेक्ट्रॉनिक्स कारोबारी
अपने कर्मचारियों के लिए ग्लव्स, मास्क, सैनिटाइजर आदि की पूरी व्यवस्था की है। अपने प्रतिष्ठानों पर ऐसे इंतजाम किए हैं कि ज्यादा ग्राहक आने पर उनके बीच सामाजिक दूरी के नियम का उल्लंघन नहीं हो। -सचिन बाथम, स्टेशनरी एवं दवा व्यापारी
अधिकतर दुकानदारों ने अपने प्रतिष्ठानों के आगे नायलान की रस्सियों से बाड़ बना दी है। एक बार में पांच से अधिक ग्राहकों को दुकानों में नहीं बिठाया जाएगा। कोविड को हराने के लिए सजगता तो बरतनी ही होगी। -पंकज वर्मा, सराफा व्यवसायी
कोरोना संक्रमितों के आंकड़े जरूर कम हुए, लेकिन अभी महामारी खत्म नहीं हुई है। ग्राहक भगवान का रूप होते हैं। इसलिए उनसे यही निवेदन करेंगे कि घर से बाजार चलते वक्त मास्क जरूर लगाएं और दूरी बनाए रखें। -किशोर कुमार गुप्ता, कोल्हू निर्माता
कोरोना को तभी हरा पाएंगे, जब इसमें समाज का हर एक व्यक्ति सहयोग करेगा। ग्राहकों को चाहिए कि यदि उन्हें कोई चीज खरीदनी है तो परिवार के कम से कम सदस्य लेकर बाजार पहुंचे और कोविड नियमों का पालन करें। -हिमानी खन्ना, साड़ी शोरूम संचालिका
बाजार में भीड़ नियंत्रित रखने की सबसे बड़ी जिम्मेदारी उन लोगों की होगी जो उस भीड़ का हिस्सा बनेंगे। किसी दुकान में पहले से पर्याप्त ग्राहक मौजूद हों तो वहां अन्य लोगों को आने से कुछ देर के लिए रोकना जरूरी होगा। -नलिनी ओमर, बुटीक संचालिका
लोग लापरवाही न करें : डीएम
कोरोना गाइडलाइन का सभी लोग अनिवार्य तौर पर पालन करें। कर्फ्यू में छूट इस वजह से दी गई है क्योंकि प्रशासन की सजगता और लोगों की जागरूकता की वजह से संक्रमण के मामलों में कमी आई है। अगर लोग बेपरवाही करेंगे तो कोरोना संक्रमण के मामले फिर बढ़ेंगे। लोग वैक्सीनेशन के लिए भी जागरूक हों। दूसरों को भी वैक्सीन लगवाएं। वैक्सीनेशन ही जान बचाएगा। दो गज की दूरी और मास्क जरूरी के नियम का पालन जरूर करें। -इंद्र विक्रम सिंह, जिलाधिकारी
दुकानें खोलें पर नियमों को न भूलें : एसपी
अभी सिर्फ कोरोना संक्रमण के मामले कम होने की वजह से कर्फ्यू से राहत दी गई है। अभी हमारे बीच से कोरोना महामारी खत्म नहीं हुई है। जनता की बेपरवाही से अगर संक्रमण फिर बढ़ा तो सख्ती दिखानी पड़ेगी। सभी दुकानदार भाई अपनी दुकानें खोलें लेकिन कोविड गाइडलाइन का अनिवार्य तौर पर पालन करें। नियमों को मानेंगे तो कर्फ्यू लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। - एस आनंद, एसपी शाहजहांपुर।