खुटार। सिल्हुआ गांव में रविवार रात बाघ देखे जाने के बाद से ग्रामीण दहशत में हैं। सूचना के बावजूद वन विभाग के अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे। मंगलवार को घटना के दो दिन बाद दो वाॅचर गांव पहुंचे और जांच की।
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष सिल्हुआ निवासी रामशंकर मिश्रा 18 अक्तूबर की रात करीब नौ बजे रौतापुर कलां पेट्रोल पंप से कार से घर लौट रहे थे। गांव के पास सड़क पर खड़े बाघ ने उनकी गाड़ी पर झपट्टा मार दिया। रामशंकर ने गाड़ी दौड़ाकर किसी तरह घर पहुंचकर जान बचाई। सोमवार और मंगलवार को भी गांव के आसपास बाघ देखे जाने का दावा किया गया।
मंगलवार दिन में करीब 11 बजे वाॅचर दाताराम और अधीर शर्मा गांव पहुंचे। उधर, कुंभिया माफी गांव के पास भी बाघिन दो शावकों के साथ देखे जाने की बात सामने आई है। रेंजर दिनेश बडोला ने बताया कि कार के सामने बाघ नहीं तेंदुआ आया था। जंगल से निकलकर तेंदुआ आ जाता है और खुद ही जंगल चला जाता है। संवाद