पुवायां में एडीएम को ज्ञापन देते बसखेड़ा बुजुर्ग के लोग। संवाद
पुवायां। गांव बसखेड़ा बुजुर्ग के लोगों ने शनिवार को समाधान दिवस में आए एडीएम वित्त राजस्व अरविंद कुमार को व्यथा बताई। कहा कि गांव में किसी की मृत्यु हो जाने पर भीषण जलभराव के कारण अर्थी को कंधा तक देना मुश्किल है। शव को ट्रैक्टर-ट्राॅली से श्मशान घाट तक ले जाना पड़ता है।
ग्रामीणों ने बताया कि उनके गांव की आबादी लगभग 4000 है। गांव के बीच एक तालाब है, जो पानी से लबालब हो चुका है। इस कारण गांव के सभी रास्तों पर जलजमाव है। गांव के लोग वर्ष 2023 से अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो रहा। पानी भरा होने से बच्चों को स्कूल जाने में भी परेशानी होती है। गर्मी में संक्रामक रोग फैलने की भी आशंका है।
गांव के आदित्य सिंह चौहान, मोहित सिंह, मनोज सिंह, धर्मेंद्र सिंह, विवेक, संजीव सिंह ने बताया कि तालाब की खोदाई कर समस्या का समाधान कराया जा सकता है, लेकिन ग्राम पंचायत अधिकारी, बीडीओ सहित कोई भी अधिकारी ग्रामीणों की व्यथा सुनने के लिए तैयार नहीं है। समस्या का समाधान नहीं होने पर ग्रामीण आंदोलन के लिए बाध्य हो सकते हैं। एडीएम ने समस्या का निस्तारण कराने का आश्वासन दिया है।