शाहजहांपुर। बहुचर्चित यौन-शोषण मामले में सुप्रीम कोर्ट ने संत आसाराम बापू को मिली अंतरिम चिकित्सा जमानत को रद्द करने से इन्कार कर दिया है।
सोमवार को दिए गए आदेश में सुप्रीम कोर्ट ने शिकायतकर्ता की याचिका खारिज करते हुए राजस्थान हाईकोर्ट द्वारा दी गई राहत में हस्तक्षेप करने से साफ मना कर दिया। यह जानकारी पीड़िता के पिता ने संवाद न्यूज एजेंसी को दी।
शाहजहांपुर की रहने वाली बिटिया से दुष्कर्म के दोषी आसाराम ने इलाज का तर्क देकर जमानत के लिए सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दी थी। उसे न्यायालय से छह महीने की जमानत दे दी गई।
उसके जेल से बाहर आने के बाद पीड़िता के परिवार ने खतरे की आशंका जताई। बिटिया के पिता ने जमानत रद्द कराने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। संवाद