शाहजहांपुर। पिछले वर्ष तक क्रिकेट खेलने के लिए लड़कियों को मैदान पर लाने के लिए काफी मशक्कत करना पड़ती थी। महिला वर्ल्ड कप के दौरान अमर उजाला का साथ मिलने के बाद लड़कियों में क्रिकेट का ऐसा जुनून जागा कि उनकी जिंदगी ही बदल गई। मैदान पर मेहनत कर बल्लेबाजी और गेंदबाजी में निखार लाकर यूनिवर्सिटी से लेकर स्टेट लेवल तक लड़कियों ने अपना दम दिखाया। अब महिला आईपीएल में लड़कियों को आगे बढ़ते देखकर अभिभावकों में भी रुझान बढ़ा है, लिहाजा क्रिकेट खेलने वाली लड़कियों में लगातार इजाफा हो रहा।
पिछले साल महिला वर्ल्ड कप के दौरान अमर उजाला ने जिले में महिला क्रिकेट को बढ़ावा देने का अभियान शुरू किया था। प्रयास रंग लाया। पहले जहां दो-तीन लड़कियां ही क्रिकेट खेलती थी। वह संख्या 100 के करीब पहुंच गई। शाहजहांपुर क्रिकेट एसोसिएशन ने उनका ट्रॉयल कराया। जहां पर यूपी की चयनकर्ता प्रियंका शैली ने खिलाड़ियों को टिप्स दिए थे। पहले जहां क्रिकेट की बारीकियों से छात्राएं अंजान थी, अभियान से जुड़कर उनमें ऐसा जुनून जागा कि उनकी जिंदगी बदल गई।
क्रिकेट एसोसिएशन के कोच मनोज यादव बताते हैं कि जिले की लड़कियां लगातार बेहतर खेल के लिए प्रयास कर रही है। अक्तूबर माह में जीएफ कॉलेज की महिला खिलाड़ी पल्लवी, एसएस कॉलेज की एकता, शिप्रा, नेहा, राजबाला, हर्षिता, अंबिका गंगवार, जीत कौर और वसुंधरा ने रुहेलखंड यूनिवर्सिटी की टीम से शिमला में प्रतिभा का प्रदर्शन किया। यूपीसीए के ट्रॉयल भी जिले की दो खिलाड़ी दे चुकीं हैं। इसके अतिरिक्त कन्नौज में स्टेट लेवल की प्रतियोगिता में महिला खिलाड़ियों ने प्रतिभाग कर शानदार प्रदर्शन किया था।
क्रिकेट में अपार संभावनाएं
फोटो नंबर 63
-क्रिकेट में करियर बनाने की अपार संभावनाएं हैं। महिला खिलाड़ियों को आईपीएल में भी मौका मिलने लगा है। अब क्रिकेट को काफी गंभीरता से लेना शुरू कर दिया है। रोजाना अभ्यास भी करते हैं। उम्मीद है कि आईपीएल और देश के लिए खेलने का मौका मिलेगा।
वृंदा भसीन
छोटे शहर के खिलाड़ियों को भी मिलेगा मौका
फोटो नंबर 64
-अभी तक बड़े शहरों के खिलाड़ियों को क्रिकेट में मौका मिलता था। आईपीएल में छोटे शहरों के लिए भी संभावना जागी है। प्रयास है कि बेहतर प्रदर्शन कर नाम रोशन कर सकें। पहले क्रिकेट से दूर रहते थे लेकिन जब से खेलना शुरू किया है, लगातार प्रदर्शन में सुधार कर रहे हैं।
एकता मिश्रा
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-जनपद की करीब 40 लड़कियां क्रिकेट में नियमित अभ्यास कर रही हैं। कॉलेजों और एकेडमी के जरिये खिलाड़ी आगे बढ़ने का प्रयास कर रही हैं। आईपीएल को देखते हुए अभिभावकों में भी रुझान बढ़ा है।
मनोज यादव, कोच
वृंदा भसीन, क्रिकेट वाली खबर का फोटो।
वृंदा भसीन, क्रिकेट वाली खबर का फोटो।
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