चौक क्षेत्र स्थित सूतक काल के दौरान बंद बाबा बनखण्डी नाथ मंदिर के कपाट। संवाद
शाहजहांपुर। होली की पूर्व संध्या पर मंगलवार को 27 मिनट तक चंद्रग्रहण रहा। इससे नौ घंटे पहले सूतक लगने पर मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए। इस बीच भजन-कीर्तन किया गया। शाम को स्नान कर कपाट खोलकर सफाई करने के उपरांत पूजन किया गया।
पुजारियों के अनुसार, चंद्रमा के उदय के बाद शाम 6:20 बजे से चंद्रग्रहण शुरू हो गया। यह शाम 6:47 बजे तक रहा। चंद्रग्रहण से नौ घंटे पहले सूतक लगने के चलते सुबह मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए। बाबा विश्वनाथ मंदिर, संकट मोचन मंदिर, श्री रुद्र बाला जी धाम, कालीबाड़ी मंदिर, प्राचीन शिव मंदिर, मंडी स्थित देवी मंदिर समेत तमाम मंदिराें के कपाट बंद रहे।
लोगों ने घरों में पूजन और जप किया। चंद्रग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान कर मंदिर के कपाट खोल गए। मंदिरों में सफाई करने के बाद मूर्तियों को स्नान कराकर भगवान की आरती की गई। इसके बाद होली का पूजन किया गया। श्री रुद्र बालाजी धाम के पुजारी पंडित डॉ.कान्हा कृष्ण शुक्ला ने बताया कि 27 मिनट ही चंद्रग्रहण रहा है।
इधर, अर्थियन सोसायटी के मोहल्ला अंटा स्थित कार्यालय पर बच्चों ने साल का पहला चंद्रग्रहण देखा। सोसायटी के निदेशक एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. इरफान ह्यूमन ने इस खगोलीय घटना के बारे में जानकारी दी।
चौक क्षेत्र स्थित सूतक काल के दौरान बंद बाबा बनखण्डी नाथ मंदिर के कपाट। संवाद