शाहजहांपुर। एक निवेश कंपनी में भुगतान करने में टालमटोल करने से क्षुब्ध युवक ने परिसर में अपने ऊपर पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने की कोशिश की। इस दौरान वहां मौजूद लोगों ने युवक को बचा लिया। जलती तीली गिरने से वहां रखे कागजों में आग लग गई। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को थाने ले आई। समझौता हो जाने के बाद मामले में कोई लिखा-पढ़ी नहीं हुई है।
जलालाबाद के मोहल्ला नौसारा निवासी हरिराम गुप्ता के बेटे पंकज गुप्ता ने एजेंट अशोक कुमार के द्वारा रोज किश्त जमा करने का खाता एक निवेश कंपनी में खुलवाया था। पंकज के अनुसार इस खाते में कुल रकम 1,13000 बनी थी। इसका वर्ष 2014 में भुगतान होना था। कंपनी ने उस दौरान भी भुगतान नहीं किया और उसकी रकम फिक्स डिपॉजिट कर दी। बताया कि वर्ष 2018 में उसे एक लाख, 36 हजार का भुगतान कर दिया जाएगा।
पंकज ने बताया कि वर्ष 2018 से वह लगातार भुगतान कराने को एजेंट तथा कंपनी के दफ्तर के चक्कर काट रहा है। टालमटोल के बाद मैनेजर ने उससे अगस्त में हर हाल में भुगतान का वादा किया था। इसके चलते उसने अपनी बेटी की शादी तय कर दी, लेकिन पूरा महीना निकलने के बाद भी भुगतान न होने पर बृहस्पतिवार दोपहर को वह निवेश कंपनी के दफ्तर पहुंचा। यहां फिर से आनाकानी करने पर पंकज की मैनेजर व अन्य कर्मचारियों से बहस होने लगी।
इसके बाद पंकज वहां से चला गया और कुछ देर बाद बोतल में पेट्रोल लेकर फिर से कार्यालय पहुंच गया। जब तक वहां मौजूद लोग कुछ समझ पाते, उसने अपने ऊपर पेट्रोल उड़ेलकर आग लगाने के लिए माचिस की तीली जला ली। वहां मौजूद एक व्यक्ति ने जलती तीली में हाथ मार दिया, जिससे तीली वहां रखे कागजों पर गिर गई। कागज जलने लगे जिसे लोगों ने बुझा दिया। घटना की जानकारी मिलने पर पंकज का भाई नीरज भी वहां पहुंच गया।
डायल-112 पुलिस वहां पहुंच गई और पंकज, उसके भाई नीरज, मैनेजर और एजेंट अशोक कुमार को थाने ले आई। कुछ देर बाद कंपनी के अन्य अधिकारी भी वहां पहुंच गए।
एसपी एस. आनंद ने बताया कि इस मामले में कोई तहरीर नहीं दी गई है। कंपनी के अधिकारियों की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया है। इसमें दो महीने के अंदर भुगतान दे देने पर सहमति बनी है।