इस ब्लॉक के कुर्रिया कलां ग्राम पंचायत में प्रधानी चुनाव के लिए नामांकन होने के बाद वोटर सूची से 263 मतदाताओं के नाम गायब होने का मामला ग्रामवासियों ने जिला निर्वाचन अधिकारी के संज्ञान में लाया है। मजे की बात यह कि यहां से ग्राम प्रधान पद के लिए नामांकन करने वाली श्रीमती अनीता को 23 नवंबर को निर्वाचन कार्यालय से चुनाव चिन्ह ओसाता किसान भी बाकायदा आवंटित हुआ, लेकिन वह नाम भी गांव के वोटरों के लिए जारी विलोपन सूची में शामिल है।
हालांकि ग्राम पंचायत निर्वाचक नामावली 2015 में क्रम संख्या 68 पर इनका नाम दर्ज था और गत जिला पंचायत और क्षेत्र में मतदान भी कर चुकी हैं। ऐसा ही मामला अन्य कटे हुए नामों के साथ भी है। जिला निर्वाचन कार्यालय से पूरे प्रकरण की जांच कराई जा रही है। हो रहे ग्राम पंचायत चुनाव के दूसरे चरण में कांट ब्लॉक के इस ग्राम पंचायत में भी निर्वाचन होना तय है। इसके लिए कुल नौ लोगों ने नामांकन किया और उनमें से एक ने नाम वापस ले लिया था। अब आठ प्रत्याशी यहां मैदान में हैं। राज्य निर्वाचन आयुक्त को भेजे पत्र में चुनाव चिन्ह का आवंटन पा चुकी प्रधान पद की प्रत्याशी अनीता ने जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायत निर्वाचन में प्रयुक्त हुई वोटर सूची को प्रधानी के चुनाव में भी मान्य किए जाने का अनुरोध किया है। जिला निर्वाचन कार्यालय को इसकी प्रति सौंपते हुए इस प्रत्याशी के साथ गांव के ही सुनील कुमार और अन्य ने बताया कि सूची से हटाए गए सभी वोटर गांव के ही मूल निवासी हैं और इन सभी के पास जिला पंचायत एवं क्षेत्र पंचायत चुनाव के लिए वितरित नया वोटर आईडी भी है।
वोटर सूची से नाम गायब, जांच होगी
कांट (ब्यूरो)। इस ब्लॉक क्षेत्र के गांव मरेना के 59 वोटरों ने वोटर सूची से अपना नाम गलत ढंग से हटाए जाने के संबंध में राज्य निर्वाचन आयोग के आयुक्त और जिला निर्वाचन अधिकारी से शिकायत की है। इनका कहना है कि गांव में नई वोटर सूची में नाम के अपमार्जन या विलोपन के लिए बीएलओ पहुंचा ही नहीं, लेकिन सूची में बड़े स्तर पर हेरफेर कर दिया गया। जिनका नाम कटा है, वे जीवित हैं और हाल में संपन्न हुए जिला और क्षेत्र पंचायत के चुनाव में मतदान भी किया था। गांव की पूर्व प्रधान निर्मला देवी, रामचंद्र, एसएस चौहान, पंचम, महेश पाल सिंह आदि की शिकायत पर जिला निर्वाचन कार्यालय से प्रकरण की जांच कराई जा रही है।