एसडीएम कार्यालय पर धरना प्रदर्शन पर बैठे भाकिमयू कार्यकर्ताओं पर सोमवार रात एसडीएम, सीओ की शह पर बंडा एसओ ने लाठीचार्ज कर कार्यकर्ताओं को मौके से भगा दिया। यह आरोप लगाते हुए मंगलवार को भाकिमयू के साथ भाकियू के अन्य संगठन भी एकजुटता दिखाते हुए धरना प्रदर्शन पर बैठ गए। इस दौरान एसडीएम, सीओ और बंडा एसओ के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर एसओ को निलंबित करने की मांग की गई।
बताते चलें कि किसानों की विभिन्न समस्याओं के निराकरण कराने की मांग को लेकर भरतीय किसान मजदूर संगठन ने 22 अगस्त को एसडीएम को ज्ञापन दिया था। कार्रवाई नहीं होने पर संगठन के कार्यकर्ता 29 अगस्त से एसडीएम कार्यालय के सामने धरना प्रदर्शन पर बैठ गए। आरोप है कि सोमवार रात एसडीएम जयपाल सिंह और सीओ अरूण कुमार ने बंडा एसओ राजेश सिंह और पुवायां थाने की फोर्स को मौके पर बुला लिया। इसके बाद बंडा एसओ ने धरना स्थल पर मौजूद किसानों पर लाठीचार्ज कर दिया। सिपाहियों ने टेंट, बैनर आदि उखाड़कर फेंक दिया। किसानों को दौड़ा दौड़ाकर पीटा गया।
जानकारी होने पर संगठन से जुडे़ जिले भर के कार्यकर्ता मंगलवार को पुवायां पहुंचे और एसडीएम कार्यालय के सामने फिर से टेंट लगाकर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम प्रेषित ज्ञापन में किसानों लाठीचार्ज कराने वाले एसडीएम, सीओ का तबादला कराए जाने और बंडा एसओ का निलंबन किए जाने की मांग की गई। ज्ञापन में कहा गया है कि कार्रवाई नहीं होने पर उग्र आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान भाकिमयू महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश अध्यक्ष माधुरी देवी, जिलाध्यक्ष देवेंद्रपाल सिंह, जिला उपाध्यक्ष योगेंद्रपाल शाक्य, जिला प्रभारी मैकूलाल यादव, भारत सिंह यादव, प्रयागदत्त, प्रमोद कुमार वर्मा सहित तमाम लोग मौजूद रहे। धरना प्रदर्शन में भाकियू सहित अन्य संगठनों के पदाधिकारी भी शामिल हुए और शांतिपूर्ण चल रहे धरना प्रदर्शन को जबरन समाप्त कराने को लोकतंत्र की हत्या बताते हुए कार्रवाई की मांग की।