पुत्र को गायब करने के आरोप में पिता ने कोर्ट के आदेश पर दिल्ली के सात लोगों पर रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुवायां के गांव अनावा निवासी इजहार अली ने बताया कि उसका 18 वर्षीय पुत्र मुजाहिर अली दिल्ली की जय जय कालोनी की गली नंबर पांच में किराए का कमरा लेकर रहता था और एक कारखाने में काम करता था। मुजाहिर जुलाई के अंतिम सप्ताह में छुट्टी लेकर घर आया था। मुजाहिर दिल्ली में जहां कमरा लेकर रहता था, वहां के पड़ोसी 23 जुलाई को मुर्शीद, मुर्शीद की पत्नी, पुत्री गुलशन, खुर्शीद, सोनू, नन्का, राजू उसके घर आए और गुलशन से मुजाहिर का निकाह करने के लिए रिश्ता तय करने को कहा। उसने मुजाहिर के कम उम्र होने की बात कहते हुए रिश्ता करने से इंकार कर दिया तो उक्त लोग मुजाहिर को शाहजहांपुर तक ले जाने की बात कहते हुए अपने साथ ले गए।
रात तक पुत्र के घर नहीं लौटने पर उसने पुत्र के मोबाइल पर कॉल की, लेकिन मोबाइल स्विच ऑफ बताता रहा। 25 जुलाई को गुलशन की मां का फोन आया कि यदि मुजाहिर का रिश्ता गुलशन के साथ नहीं किया गया तो मुजाहिर को मार दिया जाएगा। इससे घर में खलबली मच गई है। वह 25 जुलाई को ही दिल्ली रवाना हो गया। 26 जुलाई को दिल्ली पहुंचकर खुर्शीद से मिला तो उन्होंने कह दिया कि पता नहीं मुजाहिर कहां मर गया है। कहीं भी शिकायत करने पर उसे भी जान से मारने की धमकी दी गई।
इजहार अली ने बताया कि उसे आशंका है कि उक्त ने पुत्र का अपहरण कर हत्या कर दी है। उसने पुलिस और उच्चाधिकारियों को तहरीर दी, लेकिन रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। इसके बाद उसने कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।