नगर में गोला मार्ग पर बेशकीमती सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा कर प्लाटिंग की तैयारी थी। शनिवार को एसडीएम की फटकार के बाद रविवार को पुलिस की मौजूदगी में राजस्वकर्मियों ने पैमाइश की तो साफ हो गया कि भूमाफिया ने जमीन पर कब्जा कर उसे बेचने की पूरी तैयारी कर ली गई थी।
गौरतलब है कि नगर में गोला मार्ग किनारे 15 दिन से सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा कर पटाव किया जा रहा था। इसके अलावा सरकारी भूमि पर नींव भरने के साथ ही दीवार भी खड़ी कर दी गई थी। इस बेशकीमती जमीन पर आगे दुकानें और पीछे आवासीय प्लाट बेचने की योजना थी। नगर के ही एक जनप्रतिनिधि के दबाव के चलते पुलिस, नगर पंचायत, पीडब्ल्यूडी और वन विभाग के जिम्मेदार अधिकारी, कर्मचारी खामोशी से कब्जा होते देखते रहे। नगर के कुछ लोगों ने मामले की शिकायत एंटी भूमाफिया पोर्टल सहित अधिकारियों से की तो प्रशासन हरकत में आया।
शनिवार को खुटार पहुंचे एसडीएम अजय तिवारी, सीओ एमएस रावत ने मौका मुआयना किया था। एसडीएम ने सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा होने की सूचना नहीं दिए जाने पर नगर पंचायत कर्मचारियों की फटकार लगाते हुए उन्हें कार्रवाई की चेतावनी दी थी। एसडीएम के आदेश पर रविवार को कानूनगो रामाधार, लेखपाल अभिषेक सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और पैमाइश शुरू की। पैमाइश में मौके पर नौ बीघा भूमि में से आठ बीघा सरकारी जमीन पाई गई। राजस्व टीम ने सरकारी भूमि पर निशान लगवा दिए हैं। लेखपाल ने बताया कि पैमाइश में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा पाया गया है। कुछ जमीन पर दीवार खड़ी है तो कुछ पर धान की फसल है। इस मामले में आरोपियों के खिलाफ नगर पंचायत की ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी। कानूनगो रामाधार ने बताया कि एसडीएम के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
एसडीएम के आदेश पर भी कब्जे में नहीं ली निर्माण सामग्री
खुटार। शनिवार को एसडीएम ने सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे के मामले में मौके से निर्माण सामग्री को कब्जे में लेने के निर्देश दिए थे, लेकिन नगर पंचायत कर्मचारियों और पुलिस ने एसडीएम के आदेश को धता बताते हुए कोई कार्रवाई नहीं की। अवैध कब्जा करने वाले रात में ईंटें मौके से भरवा ले गए और शेष सामग्री को एक तरफ लगवा दिया। इससे रात में निर्माण शुरू होने के कयास लगाए जा रहे हैं। उधर, पेड़ नष्ट किए जाने के मामले में वन विभाग और रोड के किनारे की जगह पर कब्जे के मामले में पीडब्ल्यूडी विभाग ने भी कार्रवाई की जरूरत नहीं समझी है।
नगर पंचायत कर्मियों को नहीं डालने दी मेड़
खुटार। पैमाइश के बाद हदबंदी कराए बिना ही राजस्व टीम, पुलिस और नगर पंचायत के जिम्मेदार अधिकारी मौके से खिसक लिए। इसके बाद मौके पर मौजूद नगर पंचायत के सफाई कर्मियों ने चिह्नित स्थान पर मेड़ बांधना शुरू किया तो अवैध कब्जा करने वालों ने उन्हें मेड़ नहीं बांधने दी और मौके से भगा दिया। सफाई कर्मियों से कहा गया कि पैमाइश गलत हुई है। दोबारा पैमाइश कराने के बाद ही हदबंदी होने दी जाएगी।