अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) ने स्कूल-कॉलेजों में व्याप्त अनियमितताओं के संबंध में पूर्व में कई बार दिए ज्ञापनों पर कोई कार्रवाई नहीं होने पर शुक्रवार को कलक्ट्रेट परिसर में धरना देकर प्रदर्शन किया।
नगर मंत्री धीरेंद्र सिंह के नेतृत्व में परिषद के कार्यकर्ताओं ने 17 सूत्री मांगों को लेकर कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने प्राइवेट स्कूलों मेें व्याप्त अनियमितताओं को उठाते हुए नारेबाजी करते हुए लंबित मांगों को पूरा किए जाने की मांग उठाई। इस बीच कार्यकर्ता डीएम साहब एसी कम खाओ-बाहर आओ, बाहर आओ के नारे लगाकर प्रदर्शन करते रहे। छात्र नेताओं का आरोप है कि तक्षशिला पब्लिक स्कूल प्रबंधन की तानाशाही के कारण ही एक छात्रा को आत्मघाती कदम उठाना पड़ा। उन्होंने प्रकरण की जांच कराए जाने की मांग भी उठाई। काफी देर प्रदर्शन करने के बाद कार्यकर्ता वहीं धरने पर बैठ गए और डीएम को ज्ञापन देने पर अड़े रहे। मौके पर पहुंचीं सिटी मजिस्ट्रेट वनिता सिंह ने ज्ञापन लेना चाहा तो परिषद कार्यकर्ताओं ने पहले तो उन्हें ज्ञापन देने से मना कर दिया, बाद में उनकी ओर से कार्रवाई का आश्वासन मिलने पर प्रदर्शनकारियों ने ज्ञापन दिया।
सिटी मजिस्ट्रेट वनिता सिंह ने परिषद के प्रतिनिधि मंडल, तक्षशिला स्कूल के निदेशक अरुण खंडेलवाल और डीआईओएस पंकज पांडेय को बुलाकर शाम को वार्ता की और सभी 17 बिंदुओं को समझते हुए डीआईओएस को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए। प्रदर्शन करने और सिटी मजिस्ट्रेट से मिलने वालों में प्रांतीय उपाध्यक्ष मचकेंद्र सिंह, विभाग संगठन मंत्री नीटू शर्मा, नगर मंत्री धीरेंद्र सिंह, श्रेया, श्रुति, मुदित नारायण शुक्ला, निखिल, हिमांशु, शुभम प्रताप, रजत वाजपेयी, प्रिया गुप्ता, अनंत चौहान, आकाश सिंह आदि शामिल रहे।
अभाविप के प्रतिनिधि मंडल की बात सुनी गई। उनके 17 सूत्री मांगपत्र के आधार पर डीआईओएस को निर्देश दे दिए गए हैं, जिससे वह कोचिंग आदि की जांचकर नियमानुसार कार्रवाई करें। स्कूल संबंधी जो भी मानक हैं उसे प्रभावी कराने के निर्देश दिए गए।
वनिता सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट